भगोने में बनाएं स्वादिष्ट अरहर की दाल: आसान विधि और टिप्स
अरहर की दाल का महत्व
भारतीय भोजन में दाल का एक विशेष स्थान है। चाहे चावल हो, रोटी या गरमा-गरम पराठा, दाल के बिना भोजन अधूरा सा लगता है। विशेष रूप से, अरहर की दाल, जिसे तूर दाल भी कहा जाता है, अपने हल्के स्वाद और क्रीमी बनावट के कारण हर घर में पसंद की जाती है। सही तरीके से पकाई गई दाल में नरमी होती है, जिससे यह मसालों के साथ मिलकर और भी स्वादिष्ट बन जाती है।
हालांकि, दाल बनाते समय कई बार यह समस्या आती है कि या तो वह बहुत पतली हो जाती है या फिर जरूरत से ज्यादा गाढ़ी। कभी-कभी दाल अच्छी तरह नहीं गलती, जिससे उसमें देसी खुशबू और स्वाद नहीं आ पाता। यदि आपके पास प्रेशर कुकर नहीं है और आप भगोने में दाल बनाना चाहते हैं, तो कुछ सरल बातों का ध्यान रखकर बेहतरीन दाल बनाई जा सकती है।
दाल बनाने के लिए आवश्यक सामग्री
दाल बनाने के लिए आपको एक कप अरहर दाल, एक बारीक कटा प्याज, एक टमाटर, दो हरी मिर्च, 4-5 लहसुन की कलियां, आधा चम्मच हल्दी, स्वादानुसार लाल मिर्च पाउडर, एक चम्मच जीरा, नमक, हरा धनिया और आवश्यकतानुसार पानी चाहिए। तड़के के लिए घी या तेल का उपयोग किया जा सकता है, लेकिन देसी स्वाद के लिए घी का तड़का बेहतर रहेगा।
दाल पकाने से पहले की तैयारी
सबसे पहले, अरहर की दाल को दो-तीन बार साफ पानी से धो लें। दाल को तब तक धोएं जब तक पानी साफ न हो जाए। इसके बाद, दाल को लगभग 20-30 मिनट के लिए पानी में भिगोकर रखें।
दाल को भिगोना एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे दाल जल्दी नरम होती है और पकाने में समय भी कम लगता है। इसके अलावा, पकने के बाद दाल का टेक्सचर भी बेहतर होता है।
भगोने में दाल पकाने की विधि
अब एक भारी तले वाला भगोना लें और उसमें भीगी हुई दाल डालें। इसमें लगभग 3-4 कप पानी, हल्दी और थोड़ा नमक डालकर मध्यम आंच पर पकने के लिए रख दें।
जब पानी में उबाल आ जाए और दाल के ऊपर झाग दिखाई दे, तो उसे चम्मच से निकाल दें। फिर आंच को धीमी से मध्यम कर दें और दाल को पकने दें। बीच-बीच में दाल को चलाते रहें ताकि वह भगोने के तले में चिपके नहीं।
भगोने में दाल पकाने में प्रेशर कुकर की तुलना में अधिक समय लग सकता है, इसलिए तेज आंच पर पकाने की कोशिश करने के बजाय धीमी आंच पर दाल को अच्छी तरह गलने दें। जब दाल के दाने नरम हो जाएं, तो चम्मच या कलछी से हल्का मैश कर दें, जिससे दाल का टेक्सचर क्रीमी हो जाएगा।
स्वाद में बढ़ोतरी के लिए तड़का
दाल के पक जाने के बाद, एक छोटे पैन में घी गर्म करें। इसमें जीरा डालें और चटकने दें। फिर बारीक कटा लहसुन, हरी मिर्च और प्याज डालकर हल्का सुनहरा होने तक भूनें।
अब इसमें टमाटर और आवश्यकतानुसार लाल मिर्च डालकर मसाले को अच्छी तरह पकाएं। जब टमाटर नरम होकर मसाले से तेल या घी अलग होने लगे, तो तैयार तड़का सीधे दाल में डाल दें। तड़का डालते ही दाल की खुशबू और स्वाद में इजाफा होगा। अंत में, बारीक कटा हरा धनिया डालकर दाल को अच्छी तरह मिला दें।
दाल की गाढ़ापन और स्वाद को संतुलित करना
यदि दाल बहुत गाढ़ी हो गई है, तो इसमें थोड़ा गर्म पानी डालकर मनचाहा गाढ़ापन प्राप्त किया जा सकता है। वहीं, अगर दाल पतली हो गई है, तो उसे कुछ देर बिना ढक्कन के धीमी आंच पर पकाएं। इससे अतिरिक्त पानी कम होगा और दाल धीरे-धीरे गाढ़ी हो जाएगी।
इस तरह, बिना प्रेशर कुकर के भी भगोने में अरहर की दाल बेहद स्वादिष्ट, नरम और क्रीमी बनाई जा सकती है। इसे गरमा-गरम चावल, रोटी या जीरा राइस के साथ परोसें और ऊपर से थोड़ा घी डाल दें। साधारण सी दाल भी खाने की पूरी थाली का स्वाद बदल देगी।
