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JNU और DU ने CJP प्रदर्शन पर छात्रों को दी चेतावनी

दिल्ली में जंतर-मंतर पर चल रहे CJP प्रदर्शन के चलते JNU और DU ने छात्रों को चेतावनी दी है कि वे इसमें शामिल न हों। प्रशासन ने कहा है कि जो छात्र इस प्रदर्शन में भाग लेंगे, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। दोनों विश्वविद्यालयों ने छात्रों की सुरक्षा और शैक्षणिक जिम्मेदारियों को प्राथमिकता देने की अपील की है। राहुल गांधी ने इस एडवाइजरी पर तीखी प्रतिक्रिया दी है, आरोप लगाते हुए कि यह छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का उल्लंघन है।
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JNU और DU की चेतावनी


दिल्ली में जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा पिछले 35 दिनों से चल रहे प्रदर्शन के मद्देनजर, दिल्ली विश्वविद्यालय और जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय ने छात्रों और शिक्षकों के लिए एक एडवाइजरी जारी की है। इस प्रदर्शन में छात्रों की बड़ी संख्या भाग ले रही है, जो नीट पेपर लीक और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। दोनों विश्वविद्यालयों ने छात्रों से अपील की है कि वे इस प्रदर्शन में शामिल न हों। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि जो छात्र इस प्रदर्शन में भाग लेंगे, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।


JNU की एडवाइजरी

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय ने शुक्रवार को एक संदेश जारी कर छात्रों और कर्मचारियों को जंतर-मंतर पर चल रहे CJP प्रदर्शन से दूर रहने की सलाह दी। विश्वविद्यालय ने कहा कि छात्रों की सुरक्षा, शैक्षणिक जिम्मेदारियां और कानून का पालन प्राथमिकता होनी चाहिए। इसके अलावा, प्रशासन ने छात्रों को भड़काऊ या गैर-जिम्मेदाराना सोशल मीडिया पोस्ट से बचने की सलाह दी। यदि कोई छात्र या कर्मचारी निर्देशों की अनदेखी करता है, तो उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।


सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन

JNU प्रशासन ने अपनी एडवाइजरी में कहा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन और सार्वजनिक सभाओं के संबंध में सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करना सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है। छात्रों से अपील की गई है कि वे किसी भी ऐसी गतिविधि में शामिल न हों, जिससे कानून-व्यवस्था प्रभावित हो या उनकी सुरक्षा को खतरा पैदा हो। प्रशासन ने छात्रों को अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी।


DU की चेतावनी

दिल्ली विश्वविद्यालय ने भी अपने छात्रों और शिक्षकों के लिए एक एडवाइजरी जारी की थी, जिसमें कहा गया था कि जंतर-मंतर पर किसी भी गैर-कानूनी सभा में शामिल होने पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है। DU ने छात्रों से अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता देने और कानून का पालन करने की अपील की। विश्वविद्यालय ने यह भी कहा कि ऐसे आयोजनों में भागीदारी छात्रों की पढ़ाई और भविष्य के पेशेवर अवसरों पर नकारात्मक असर डाल सकती है।


एडवाइजरी का उद्देश्य

हाल के दिनों में जंतर-मंतर पर CJP के बैनर तले बड़ी संख्या में छात्र और युवा विभिन्न मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया है और राजधानी के कई हिस्सों में पुलिस बल की तैनाती बढ़ाई गई है। प्रशासन का कहना है कि एडवाइजरी का उद्देश्य छात्रों को किसी राजनीतिक रुख की ओर प्रेरित करना नहीं, बल्कि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना और कानून-व्यवस्था बनाए रखना है।


राहुल गांधी की प्रतिक्रिया

दिल्ली विश्वविद्यालय की एडवाइजरी पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन पर छात्रों को डराने और उनके लोकतांत्रिक अधिकारों को सीमित करने का आरोप लगाया। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों को धमकाने की हिम्मत कैसे हुई? उनका कहना था कि विश्वविद्यालयों का काम छात्रों की आवाज दबाना नहीं, बल्कि उन्हें सुरक्षित माहौल में अपनी बात रखने का अवसर देना है।