NEET पेपर लीक पर संसद में गरमाई बहस, किरेन रिजिजू ने उठाया मुद्दा
संसदीय कार्य मंत्री का बयान
केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने मंगलवार को संसदीय कार्यवाही के आरंभ से पहले कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने NEET पेपर लीक मामले पर चर्चा की है। एनडीए संसदीय दल की बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार छात्रों के साथ खड़ी है।
राजनीतिक रंग देने की आलोचना
रिजिजू ने 'मंगल मिलन' सम्मेलन के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस तरह की घटनाओं को राजनीतिक दृष्टिकोण से देखना गलत है। उन्होंने बताया कि कई राज्यों में पेपर लीक की घटनाएं होती हैं और इसके लिए दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की आवश्यकता है।
प्रधानमंत्री का संदेश
नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री:-
NEET परीक्षा के पेपर लीक की घटना एक राष्ट्रीय मुद्दा है। इसे राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए। इसमें शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
किरेन रिजिजू का विवरण
रिजिजू ने प्रधानमंत्री मोदी का उल्लेख करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों को जहां भी पेपर लीक की घटनाएं होती हैं, वहां सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। इसके लिए शीर्ष वकीलों से सलाह लेकर कार्य किया जाएगा।
विपक्ष का हमला
विपक्षी दलों ने NEET पेपर लीक मामले में सरकार को घेर लिया है। समाजवादी पार्टी, कांग्रेस, आजाद समाज पार्टी, और तृणमूल कांग्रेस जैसे दलों ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। समाजवादी सांसद धर्मेंद्र प्रधान और डिंपल यादव उन स्थानों पर गईं जहां पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया था। सभी दलों ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है।
चंद्रशेखर आजाद का विरोध
आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के नेता और सांसद चंद्रशेखर आजाद संसद परिसर में विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। उनका कहना है कि जनता पार्टी के आंदोलन के दौरान पुलिस को लाठीचार्ज नहीं करना चाहिए था और हिंसक तरीके से प्रदर्शन को दबाना गलत था। वह भी धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं।
