दिल्ली में चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का प्रदर्शन जारी, मुरली मनोहर जोशी ने दी सलाह
दिल्ली में विरोध प्रदर्शन का तीसरा दिन
दिल्ली में चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष का विरोध प्रदर्शन आज तीसरे दिन भी जारी है। इस बीच, बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने सरकार को कुछ महत्वपूर्ण सलाह दी है। उन्होंने निष्पक्ष चुनाव, जवाबदेह सरकार और पारदर्शी व्यवस्था को लोकतंत्र के लिए अनिवार्य बताया। जोशी ने सरकार से आग्रह किया कि उन्हें प्रदर्शनकारियों की बात सुननी चाहिए।
मुरली मनोहर जोशी का बयान
जोशी ने कहा, 'यह एक गंभीर मुद्दा है। सभी जायज मांगों को सुना जाना चाहिए और संवेदनशीलता के साथ विचार किया जाना चाहिए।' उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि बल प्रयोग का तरीका सही नहीं है और इससे कोई समाधान नहीं निकलता।
विपक्षी प्रदर्शन पर जोशी की राय
विपक्ष के प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए जोशी ने अब्राहम लिंकन के एक प्रसिद्ध कथन का उल्लेख किया, जिसमें कहा गया था कि जनता की सरकार, जनता के लिए और जनता द्वारा चलने वाली सरकार लोकतंत्र की नींव है। उन्होंने यह भी कहा कि यह व्यवस्था तभी मजबूत रह सकती है जब चुनाव निष्पक्ष हों और सरकारें जवाबदेह हों।
सरकार को दी गई सलाह
जोशी ने यह भी कहा कि लोकतंत्र में सरकारी व्यवस्था पारदर्शी होनी चाहिए। विपक्ष की भूमिका भी जिम्मेदार और प्रभावी होनी चाहिए। इसके अलावा, जनता के सामने सरकार के विकल्प के रूप में स्पष्ट कार्यक्रम होना आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि सभी कार्य संविधान के दायरे में होने चाहिए, और यदि संविधान का उल्लंघन होता है, तो सुप्रीम कोर्ट को उस मामले को देखना चाहिए।
विपक्ष का प्रदर्शन तेज
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। आज लगातार तीसरे दिन कांग्रेस के नेतृत्व में विपक्षी गठबंधन के नेता विरोध प्रदर्शन के लिए एकत्रित हुए हैं। पिछले दो दिनों में, दिल्ली पुलिस ने राहुल गांधी, प्रियंका गांधी सहित कई विपक्षी नेताओं को दो बार हिरासत में लिया है। इसके साथ ही, 10 अक्टूबर को सीजेपी भी दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन करने की योजना बना रही है।
