केरल में मानसून की शुरुआत, भारी बारिश की संभावना
केरल में मानसून का आगमन
केरल। मौसम विभाग के अनुसार, मानसून ने केरल में दस्तक दे दी है। पिछले रात से राज्य के कई क्षेत्रों में भारी बारिश हो रही है। इसके साथ ही, मौसम विभाग ने यह भी पुष्टि की है कि मानसून भारत में प्रवेश कर चुका है। केरल में मानसून के आगमन की आधिकारिक घोषणा के साथ, अब सभी की नजरें इस बात पर हैं कि दिल्ली-एनसीआर और अन्य क्षेत्रों में गर्मी से राहत कब मिलेगी। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो से चार दिनों में उत्तर प्रदेश, दिल्ली और अन्य हिस्सों में गर्मी से राहत मिलने की संभावना है।
मॉनसून की गति का पूर्वानुमान
अगले तीन-चार दिनों में मॉनसून की गति कैसी रहेगी?
दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगे बढ़ने के संबंध में मौसम विभाग ने कहा है कि अगले 3 से 4 दिनों में यह कर्नाटक तट से होते हुए गोवा की अक्षांश रेखा तक पहुंचेगा। मौसमी परिस्थितियां इस समय अनुकूल हैं, जिससे मानसून की प्रगति में कोई बाधा नहीं आएगी। आईएमडी के वैज्ञानिकों का मानना है कि 10 जून के बाद मानसून की गति धीमी हो सकती है।
ऑरेंज अलर्ट जारी
केरल के तीन जिलों में ऑरेंज अलर्ट
मानसून की शुरुआत से पहले, मौसम विज्ञान विभाग ने गुरुवार सुबह तीन जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया। यह अलर्ट अलप्पुझा, कोट्टायम और एर्नाकुलम जिलों के लिए तीन घंटे तक प्रभावी रहेगा। मौसम एजेंसी ने राज्य के कुछ हिस्सों में भारी बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई है।
हवा की गति और बारिश की मात्रा
हवा की गति और बारिश की मात्रा पर IMD का बयान
मौसम विभाग के अनुसार, बारिश और बादलों की गरज के दौरान हवा की अधिकतम गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। तिरुवनंतपुरम, कोल्लम, पठानमथिट्टा, इडुक्की और त्रिशूर जिलों में मध्यम बारिश का अनुमान है, और इन क्षेत्रों में भी हवा की गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा तक रह सकती है। आईएमडी ने पहले गुरुवार के लिए आठ जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया था, जिसका मतलब है कि 11 से 20 सेंटीमीटर तक बहुत भारी बारिश हो सकती है।
