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कोलकाता में निर्माणाधीन गोदाम का ढहना: राहत कार्य जारी, 3 की मौत

कोलकाता में एक निर्माणाधीन गोदाम का हिस्सा गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य मजदूरों के मलबे में फंसे होने की आशंका है। राहत कार्य तेजी से चल रहा है, जिसमें भारतीय सेना की टीमें भी शामिल हैं। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। जानें इस घटना के बारे में और क्या हो रहा है।
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कोलकाता में निर्माणाधीन गोदाम का ढहना: राहत कार्य जारी, 3 की मौत

कोलकाता में बड़ा निर्माण हादसा


कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में मंगलवार को एक गंभीर निर्माण दुर्घटना हुई, जब तारातला क्षेत्र में एक निर्माणाधीन गोदाम का हिस्सा अचानक गिर गया। इस घटना में तीन लोगों की मौत हो गई है, और कई अन्य मजदूरों के मलबे में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।


ट्रांसपोर्ट डिपो रोड पर घटित घटना

यह घटना पश्चिम कोलकाता के तारातला थाना क्षेत्र में ट्रांसपोर्ट डिपो रोड पर हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, जब यह हादसा हुआ, तब बड़ी संख्या में मजदूर निर्माण कार्य में लगे हुए थे। अचानक संरचना का एक हिस्सा ढह जाने से कई लोग उसके नीचे दब गए। स्थानीय निवासियों ने पहले बचाव कार्य शुरू किया और मलबे में फंसे लोगों को निकालने का प्रयास किया।


घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग, सिविल डिफेंस और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। प्रशासन ने तुरंत राहत कार्य शुरू करते हुए विशेष बचाव दलों को तैनात किया। प्रारंभिक प्रयासों में कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया, जबकि घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।


आपदा प्रबंधन और राहत कार्य



राज्य प्रशासन ने लोगों की सहायता के लिए आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम भी सक्रिय कर दिया है। हादसे से जुड़े लोगों और उनके परिजनों को जानकारी उपलब्ध कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए गए हैं। घटना स्थल पर बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी और मजदूरों के परिजन भी पहुंच गए, जिससे क्षेत्र में भारी भीड़ जमा हो गई।


इस दुर्घटना पर राज्य के वरिष्ठ नेताओं ने दुख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए कहा कि सरकार प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और हर संभव सहायता प्रदान करेगी। उन्होंने बताया कि राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर चलाया जा रहा है ताकि मलबे में फंसे सभी लोगों को जल्द से जल्द बाहर निकाला जा सके।


बचाव अभियान में शामिल टीमें

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भारतीय सेना की ईस्टर्न कमांड की चार टीमें भी बचाव अभियान में शामिल की गई हैं। सेना के इंजीनियर, मेडिकल स्टाफ और रेस्क्यू विशेषज्ञ NDRF, SDRF व कोलकाता पुलिस के साथ मिलकर अभियान चला रहे हैं। भारी कंक्रीट के मलबे को हटाने के लिए विशेष उपकरणों का उपयोग किया जा रहा है।


प्रशासन को आशंका है कि मलबे के नीचे अभी भी 40 से 45 लोग फंसे हो सकते हैं। ऐसे में राहत कार्य लगातार जारी है और बचाव दल समय के खिलाफ दौड़ लगाकर लोगों की जान बचाने की कोशिश कर रहे हैं।