Newzfatafatlogo

चीनी की कीमतों में तेजी: केजरीवाल ने उठाए सवाल

पिछले 17 दिनों में चीनी की कीमतों में तेजी आई है, जिससे आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है। दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया है कि गन्ने से एथनॉल का उत्पादन शुरू करने के कारण चीनी की कमी हुई है। उन्होंने सरकार पर कटाक्ष करते हुए सवाल उठाया कि क्या अब विदेशी मुद्रा का उपयोग चीनी के आयात के लिए किया जाएगा। जानें इस मुद्दे पर और क्या कहा गया है।
 | 

चीनी की कीमतों में वृद्धि

चीनी की कीमतों में वृद्धि: पिछले 17 दिनों में चीनी के दाम तेजी से बढ़ गए हैं। अगस्त की शुरुआत में जो चीनी 46 रुपये प्रति किलो बिक रही थी, वह अब 60-65 रुपये प्रति किलो तक पहुँच गई है, जिससे आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। इस संदर्भ में, दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आरोप लगाया है कि गन्ने से एथनॉल का उत्पादन शुरू करने के कारण चीनी की कमी उत्पन्न हुई है।

जानकारी के अनुसार, गन्ने से एथनॉल का निर्माण मुख्यतः गन्ने के रस या चीनी बनाने के बाद बचे हुए शीरे (मोलेसिस) से किया जाता है। वर्तमान में E20 (एथनॉल मिश्रित पेट्रोल) का मुद्दा चर्चा में है, जिस पर विपक्षी दल मोदी सरकार पर हमलावर हैं। अब जब चीनी के दाम अचानक बढ़ गए हैं, तो आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक केजरीवाल ने सरकार पर कटाक्ष किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि विदेशी मुद्रा की बचत के लिए गन्ने से एथनॉल बनाने का निर्णय लिया गया था, जिससे चीनी की कमी हो गई। क्या अब उस विदेशी मुद्रा का उपयोग चीनी के आयात के लिए किया जाएगा?

केजरीवाल ने गुरुवार को एक्स पोस्ट में लिखा, 'तेल आयात पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा बचाने के लिए गन्ने से एथनॉल बनाना शुरू किया। नतीजन चीनी की कमी हो गई। अब उस विदेशी मुद्रा से चीनी आयात करेंगे। पूरी की पूरी अनपढ़ों की सरकार है। किसी को कुछ नहीं पता कि क्या करने से क्या होगा।'