ज्ञानवापी और श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद में मध्यस्थता का प्रस्ताव ठुकराया
मध्यस्थता प्रस्ताव पर दोनों पक्षों का असहमति
नई दिल्ली: ज्ञानवापी मस्जिद, श्रीकृष्ण जन्मभूमि, शाही ईदगाह और संभल मस्जिद से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। हाल ही में, हिंदू और मुस्लिम पक्षों ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा मध्यस्थता के प्रस्ताव को अस्वीकार कर दिया है। दोनों पक्षों ने स्पष्ट किया है कि वे इन मामलों में अदालत में ही कानूनी लड़ाई जारी रखेंगे। दरअसल, सर्वोच्च न्यायालय ने इन मामलों में मध्यस्थता के लिए पक्षों की सहमति मांगी थी। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह बताया गया है कि सुप्रीम कोर्ट ने 2026 पहल के तहत इन मामलों के शांतिपूर्ण समाधान के लिए मध्यस्थता का प्रस्ताव भेजा था, लेकिन किसी भी पक्ष ने इस पर सहमति नहीं दी।
हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि कोर्ट ने यह प्रस्ताव कब भेजा था। श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह विवाद का आरंभ उस समय हुआ जब हिंदू पक्ष ने दीवानी अदालत में यह दावा करते हुए मुकदमा दायर किया कि शाही ईदगाह मस्जिद कृष्ण जन्मभूमि की भूमि पर स्थित है। यह मुकदमा भगवान श्री कृष्ण विराजमान और कुछ हिंदू भक्तों द्वारा दायर किया गया था, जिसमें मस्जिद को उसके वर्तमान स्थान से हटाने की मांग की गई है।
