टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में रंदीप मलिक की भूमिका की जांच तेज
फायरिंग की जांच में नया मोड़
मुंबई में बॉलिवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग की जांच में तेजी आई है। अब सुरक्षा एजेंसियों की नजर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के कथित अमेरिकी ऑपरेटिव रंदीप मलिक पर है। एजेंसियां यह जानने की कोशिश कर रही हैं कि फायरिंग की साजिश में मलिक की क्या भूमिका थी और वह किस प्रकार से इस नेटवर्क से जुड़े हुए हैं।
रिपोर्टों के अनुसार, रंदीप मलिक को लॉरेंस बिश्नोई और उसके भाई अनमोल बिश्नोई का करीबी सहयोगी माना जाता है। जांच एजेंसियों का कहना है कि टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में जिम्मेदारी लेने वाले अनिल पंडित और कथित शूटर रेहान भी मलिक के संपर्क में थे। पहले भी रेहान को मलिक और पंडित द्वारा एक शूटिंग की जिम्मेदारी सौंपे जाने की जानकारी मिली थी।
जेल में बंद बिश्नोई से पूछताछ की योजना
इस मामले का एक महत्वपूर्ण पहलू यह है कि जेल में बंद लॉरेंस और अनमोल बिश्नोई से पूछताछ की योजना बनाई जा रही है। लॉरेंस गुजरात की साबरमती सेंट्रल जेल में और अनमोल दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद हैं। एजेंसियां दोनों से पूछताछ करना चाहती हैं, लेकिन उन्हें जेल से बाहर लाना आसान नहीं होगा। रिपोर्टों के अनुसार, मुंबई पुलिस को केंद्र के आदेश और कानूनी प्रक्रियाओं का पालन करना पड़ सकता है।
तीन आरोपियों से पूछताछ जारी
इस बीच, टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग के मामले में गिरफ्तार किए गए रेहान, ऋतिक कुर्मी और फूल सिंह को कोटा से मुंबई लाया गया है। मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी-एक्सटॉर्शन सेल उनसे पूछताछ कर रही है। इसके साथ ही, बिश्नोई गैंग से उनके संबंधों की भी जांच की जा रही है।
18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू क्षेत्र में टाइगर श्रॉफ की कार पर गोलीबारी हुई थी। इस हमले में टाइगर सुरक्षित रहे, लेकिन उनके ड्राइवर और एक अन्य व्यक्ति घायल हो गए थे। अनिल पंडित ने सोशल मीडिया पर इस अपराध की जिम्मेदारी लेने का दावा किया था।
इस प्रकार, जांच अब केवल शूटरों तक सीमित नहीं है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि फायरिंग का आदेश किसने दिया, हथियार और लॉजिस्टिक सपोर्ट कहां से आया, और रंदीप मलिक जैसे विदेशी ऑपरेटिव का इस नेटवर्क में क्या संबंध है। फिलहाल, रंदीप मलिक की भूमिका की जांच जारी है।
