ट्विशा शर्मा केस में सीबीआई की चार्जशीट: मानसिक प्रताड़ना और विवादों का खुलासा
ट्विशा शर्मा मामले में सीबीआई की कार्रवाई
ट्विशा शर्मा केस: सीबीआई ने ट्विशा शर्मा के मामले में चार्जशीट पेश की है। इस जांच में उसके पति समर्थ सिंह और सास गिरीबाला सिंह पर मानसिक प्रताड़ना और अपशब्द कहने के आरोप लगाए गए हैं। चार्जशीट में कहा गया है कि शादी के बाद ट्विशा ने अपने पूर्व संबंधों के बारे में पति को बताया, जिसके बाद समर्थ का व्यवहार बदल गया और उसने ट्विशा का अपमान करना शुरू कर दिया।
गर्भावस्था को लेकर विवाद
सीबीआई के अनुसार, मार्च 2026 में तनाव के चलते ट्विशा के पिता को हार्ट अटैक आया, जिसके बाद वह कुछ समय के लिए अपने मायके नोएडा चली गई थी और 24 मार्च को भोपाल लौट आई। जांच में यह भी सामने आया कि ट्विशा की गर्भावस्था को लेकर पति-पत्नी के बीच असमंजस था। 16 अप्रैल को गर्भवती होने की जानकारी मिली और अगले दिन अस्पताल में इसकी पुष्टि हुई। ट्विशा ने बच्चे के भविष्य पर विचार करने के लिए समय मांगा, जिस पर 17 अप्रैल को दोनों के बीच विवाद हुआ। चार्जशीट के अनुसार, इसी दौरान ट्विशा को घर से निकाल दिया गया।
पैसों का दबाव और विवाद
19 अप्रैल को, ट्विशा अपने माता-पिता के पास राजस्थान के नसीराबाद पहुंची। उसने बताया कि उसकी सास लगातार पीरियड्स के बारे में पूछती थीं। ट्विशा ने अपने पति पर ड्रग्स की लत का आरोप लगाते हुए चिंता जताई कि इससे बच्चे को नुकसान हो सकता है। चार्जशीट में यह भी उल्लेख है कि ट्विशा और समर्थ के नाम पर लगभग 20 लाख रुपये के शेयर हैं। सीबीआई के अनुसार, परिवार को इस बारे में पता चलने के बाद ट्विशा पर पैसे ट्रांसफर करने का दबाव बनाया गया।
अस्पताल में निर्णय और विवाद
30 अप्रैल को, ट्विशा और समर्थ भोपाल के बंसल अस्पताल पहुंचे, जहां बच्चे को लेकर चर्चा हुई। डॉक्टर ने उन्हें सोचने के लिए समय दिया। 6 मई को, जब दोनों फिर से अस्पताल पहुंचे, तो समर्थ ने बच्चे को नहीं रखने का निर्णय लिया। उसी दिन, ट्विशा को नौकरी का प्रस्ताव मिला, जिसे उसने स्वीकार कर लिया। रात को उसने अपनी मां को मैसेज किया कि वह उसे अपने साथ ले जाए। चार्जशीट के अनुसार, समर्थ ने कहा कि वह लंबे समय से ट्विशा को झेल रहा है और अब और नहीं सह सकता। इसके बाद, ट्विशा ने अस्पताल में गर्भपात कराने की बात कही, जो 8 मई तक पूरी हो गई।
12 मई को हुई अंतिम घटना
सीबीआई की चार्जशीट के अनुसार, 12 मई को ट्विशा और समर्थ के बीच फिर से विवाद हुआ। ट्विशा ने रोते हुए अपनी मां को फोन किया, जिसने गिरीबाला सिंह को इस बारे में बताया। गिरीबाला ने ट्विशा को फोन किया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। चार्जशीट में सीसीटीवी फुटेज का भी उल्लेख है, जिसमें समर्थ को शव को सीढ़ियों से नीचे लाते हुए देखा गया। बाद में, ट्विशा को एम्स ले जाया गया, जहां पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में उसकी मौत को आत्महत्या बताया गया। सीबीआई ने चार्जशीट में प्रताड़ना और अन्य आरोपों से संबंधित तथ्यों को शामिल किया है।
