दिल्ली में चुनाव आयुक्त के खिलाफ बढ़ते विरोध प्रदर्शन
विरोध प्रदर्शन का विस्तार
दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध की लहर तेजी से बढ़ रही है। रविवार को छात्रों और विभिन्न संगठनों ने इंडिया गेट से जंतर-मंतर तक एक विरोध मार्च आयोजित किया। पुलिस ने जंतर-मंतर की ओर जाने वाले रास्तों को बैरिकेडिंग के जरिए पहले से ही बंद कर दिया था। इस दौरान रैपिड एक्शन फोर्स और अर्धसैनिक बलों के लगभग 5000 जवान तैनात किए गए।
छात्र संगठनों का प्रदर्शन
ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के मार्च के अलावा, इंडियन यूथ कांग्रेस और आम आदमी पार्टी ने भी विरोध प्रदर्शन में भाग लिया। एनएसयूआई के कार्यकर्ताओं ने ज्ञानेश कुमार से इस्तीफे की मांग की। जैसे ही स्थिति बिगड़ी, दिल्ली पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया। आम आदमी पार्टी ने भी चुनाव आयुक्त के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। इस कारण इंडिया गेट और जंतर-मंतर के आसपास का माहौल तनावपूर्ण बना रहा।
सौरभ भारद्वाज की हिरासत
दिल्ली के आम आदमी पार्टी के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज को पुलिस ने हिरासत में लिया। अरविंद केजरीवाल ने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि भारद्वाज की हिरासत चौंकाने वाली है और यह भी जोड़ा कि 'मोदी जी ने हिटलर को भी पीछे छोड़ दिया।'
झड़प के दौरान बस की खिड़की टूटी
आइसा के कार्यकर्ताओं ने अशोक रोड पर विरोध मार्च निकाला, जबकि आप कार्यकर्ताओं ने भी इंडिया गेट की ओर बढ़ने का प्रयास किया। रविवार को पूरे दिन गहमागहमी बनी रही। जंतर-मंतर पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प में एक बस की खिड़की टूट गई।
नेहा बोरा की रिहाई
आइसा ने आरोप लगाया कि विरोध मार्च के दौरान दिल्ली पुलिस ने उनकी राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा को एक अज्ञात वाहन में ले जाया। संगठन ने कहा कि वाहन में कोई नंबर प्लेट नहीं थी और यह भी कि पुलिस ने प्रक्रिया का उल्लंघन किया क्योंकि वाहन में कोई महिला अधिकारी नहीं थी। आइसा ने एक स्वतंत्र पत्रकार रोजी को भी अवैध हिरासत में लेने का आरोप लगाया, लेकिन बाद में नेहा बोरा को रिहा कर दिया गया।
दिल्ली पुलिस पर आरोप
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने कहा कि दिल्ली पुलिस ने एक बार फिर अपनी कायरता दिखाई है। उन्होंने कहा कि नेहा और रोजी को सिर्फ आवाज उठाने के लिए हिरासत में लिया गया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने रोजी के साथ छेड़छाड़ करने वाले एसीपी विवेक भगत के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की।
प्रदर्शन का तीसरा दिन
रविवार को आइसा के प्रदर्शन का तीसरा दिन था। प्रदर्शनकारियों ने अशोक रोड आंध्र भवन सर्कल से जंतर-मंतर की ओर बढ़ने का प्रयास किया। नारेबाजी और भारी पुलिस की मौजूदगी में प्रदर्शनकारियों ने इंडिया गेट की ओर बढ़ने की कोशिश की। एक वीडियो में आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा बोरा बैरिकेडिंग पर चढ़ती नजर आ रही हैं, जबकि पुलिसकर्मी उन्हें रोकने की कोशिश कर रहे हैं।
चुनाव आयोग के खिलाफ प्रदर्शन
चुनाव आयोग के कामकाज और एसआईआर में कथित धांधली के खिलाफ दिल्ली में प्रदर्शनों की लहर शुक्रवार से शुरू हुई। पहले दिन पुलिस ने 500 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया। शनिवार को भी 150 से अधिक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया था। रविवार को आइसा, आम आदमी पार्टी और एनएसयूआई के प्रदर्शनों के कारण दिल्ली में माहौल तनावपूर्ण बना रहा।
