नेपाल में बाढ़ के बीच 50 करोड़ का सोना और नकद सुरक्षित मिला
नेपाल में बाढ़ की तबाही
नेपाल बाढ़: हाल ही में नेपाल में आई भीषण बाढ़ ने कई क्षेत्रों को प्रभावित किया है, जिससे एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। हाल के दिनों में नेपाल के विभिन्न हिस्सों में लगातार मूसलधार बारिश हुई, जिसके कारण पहाड़ों पर भूस्खलन और नदियों का जलस्तर बढ़ गया। नदियों का मटमैला पानी रिहायशी क्षेत्रों, बाजारों और व्यावसायिक इमारतों में घुस गया, जिससे लोगों को अपने सामान निकालने का भी समय नहीं मिला। इस आपदा में एक प्रमुख बैंक की शाखा भी प्रभावित हुई, जहां बाढ़ का पानी तेजी से भर गया और बैंक के अंदर का सारा सामान जलमग्न हो गया। सुरक्षा के लिहाज से अधिकारियों ने बैंक को सील कर दिया और कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
बाढ़ के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन
बाढ़ उतरते ही शुरू हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन
जैसे ही बारिश थमी और बाढ़ का पानी कम होने लगा, बैंक प्रबंधन और नेपाल सुरक्षा बलों की एक टीम मौके पर पहुंची। बैंक के बाहर की स्थिति देखकर सभी ने अनुमान लगाया कि अंदर सब कुछ बर्बाद हो चुका होगा। चारों ओर कीचड़ और मलबा था, लेकिन असली उद्देश्य बैंक के मुख्य लॉकर और स्ट्रॉन्ग रूम तक पहुंचना था। सुरक्षा बलों की निगरानी में जब लॉकर खोला गया, तो वहां का दृश्य देखकर सभी दंग रह गए।
सोना और नकद की सुरक्षित बरामदगी
50 करोड़ का सोना और करोड़ों का कैश सुरक्षित
लॉकर में रखा लगभग 50 करोड़ रुपये का सोना सुरक्षित था। पानी के बावजूद लॉकर की मजबूती के कारण सोने को कोई नुकसान नहीं हुआ। इसके साथ ही करोड़ों रुपये के करेंसी नोट भी बरामद किए गए, हालांकि कुछ नोटों की गड्डियां गीली हो गई थीं, जिन्हें सुखाने का काम जारी है।
सुरक्षा के बीच खज़ाने का ट्रांसफर
कड़ी सुरक्षा में दूसरी शाखा में शिफ्ट हुआ खज़ाना
इतनी बड़ी मात्रा में सोना और नकद मिलने के बाद सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा किया गया। किसी भी अनहोनी से बचने के लिए भारी पुलिस बल तैनात किया गया। सभी खज़ाने को बख्तरबंद गाड़ियों में लादकर नजदीकी सुरक्षित बैंक शाखा में स्थानांतरित कर दिया गया। बैंक प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों ने राहत की सांस ली है कि समय पर यह रिकवरी हो गई, अन्यथा बैंक और ग्राहकों को भारी वित्तीय नुकसान हो सकता था।
