पंजाब सरकार के लिए हाईकोर्ट का सीबीआई जांच का आदेश एक बड़ा झटका
सीबीआई जांच का आदेश
चंडीगढ़: पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय द्वारा मुख्यमंत्री कार्यालय से जुड़े व्यक्तियों पर लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच अब सीबीआई को सौंपी गई है। भाजपा पंजाब के उपाध्यक्ष डॉ. सुभाष शर्मा ने इसे राज्य सरकार के लिए एक गंभीर झटका बताया है। उन्होंने कहा कि अदालत के इस आदेश ने सरकार के ‘भ्रष्टाचार मुक्त शासन’ के दावों पर सवाल उठाए हैं।
डॉ. शर्मा ने बताया कि उच्च न्यायालय ने सीबीआई को मामले की जांच करने और दो महीने के भीतर स्थिति रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। आरोपों में तबादले, टेंडर, नीतिगत लाभ और अन्य सरकारी कार्यों में कथित भ्रष्टाचार शामिल हैं। उन्होंने कहा कि आरोपों की सत्यता जांच के बाद ही स्पष्ट होगी, लेकिन स्वतंत्र एजेंसी से जांच का आदेश निष्पक्षता की आवश्यकता को दर्शाता है।
उन्होंने यह भी कहा कि आम आदमी पार्टी की राजनीति का मुख्य आधार भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई और पारदर्शी शासन के दावे रहे हैं। अब सरकार को राजनीतिक बयानबाजी के बजाय जांच में सहयोग करना चाहिए ताकि तथ्यों का खुलासा हो सके। यह किसी को दोषी ठहराने का निर्णय नहीं है, लेकिन जांच के बाद सच्चाई सामने आनी चाहिए।
डॉ. शर्मा ने कहा कि पंजाब की जनता को आरोपों पर राजनीति नहीं, बल्कि सच्चाई और जवाबदेही चाहिए। जांच में जो तथ्य सामने आएं, उनके आधार पर कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए।
