पश्चिम बंगाल में 12 वर्षीय लड़की की हत्या और बलात्कार से सियासी हलचल
पश्चिम बंगाल में 12 वर्षीय लड़की का बलात्कार और हत्या
पश्चिम बंगाल में 12 वर्षीय लड़की का बलात्कार और हत्या: दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर में एक 12 साल की बच्ची के बलात्कार और हत्या के मामले ने राजनीतिक माहौल को गर्म कर दिया है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने आरोप लगाया है कि पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को पीड़ित परिवार से मिलने से रोका जा रहा है। इस बीच, मंगलवार को मंत्री अग्निमित्रा पॉल और बीजेपी नेता लॉकेट चटर्जी ने पीड़िता के परिवार से मुलाकात की।
लॉकेट चटर्जी ने पीड़िता के परिवार से मिलने के बाद कहा, “यह सरकार बदलाव की सरकार है। ममता बनर्जी के 15 साल के शासन को यहाँ नहीं दोहराया जाएगा। पहले ही गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और सख्त कार्रवाई की जाएगी।” दरअसल, 4 जुलाई को 12 साल की बच्ची लापता हो गई थी। जब वह घर नहीं लौटी, तो परिवार ने पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। बाद में, रविवार को उसकी लाश सूर्यपुर हाट के तालाब में मिली, जिसके सिर पर चोट के निशान थे। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में यह सामने आया कि आरोपियों ने उसे बलात्कार के बाद जिंदा तालाब में फेंका था। उसके फेफड़ों और पेट में पानी पाया गया, जिससे उसकी मौत डूबने और अधिक खून बहने के कारण हुई।
इस मामले की जांच के लिए 6 सदस्यों की विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया है। मुख्य आरोपी आनंद सरदार सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस जांच में पता चला है कि बच्ची अपनी सहेली के लिए उपहार खरीदने निकली थी। CCTV फुटेज में चार लोग उसे ले जाते हुए दिखाई दिए हैं, जिनकी तलाश जारी है। वहीं, रविवार को लड़की का शव मिलने के बाद गुस्साई भीड़ ने एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी, जिस पर लड़की के बलात्कार और हत्या में शामिल होने का संदेह था।
