पुणे में केतन अग्रवाल की हत्या के मामले में न्याय की मांग तेज
केतन अग्रवाल की हत्या पर बढ़ी न्याय की मांग
पुणे के लोहागढ़ किले के निकट केतन अग्रवाल की संदिग्ध हत्या के मामले में न्याय की मांग में तेजी आई है। पिंपरी-चिंचवड़ में आयोजित एक कैंडल मार्च में परिवार के सदस्य, स्थानीय निवासी और बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने 'जस्टिस फॉर केतन अग्रवाल' के पोस्टर और मोमबत्तियां लेकर आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की। इस बीच, पुलिस मामले की जांच कर रही है और सरकार ने सुनवाई को तेज करने के लिए कदम उठाए हैं.
परिवार की ओर से कड़ी सजा की मांग
कैंडल मार्च के दौरान केतन अग्रवाल की मां, राखी अग्रवाल ने कहा कि उन्हें अपने बेटे के लिए न्याय चाहिए और दोनों आरोपियों को फांसी की सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने भावुक होकर कहा कि एक मां के रूप में उनका दर्द शब्दों में नहीं कह सकते। वहीं, पिता विशाल अग्रवाल ने कहा कि उनका 26 वर्षीय बेटा निर्दोष था और परिवार ने कभी नहीं सोचा था कि शादी की तैयारियों के बीच उन्हें ऐसा दुखद दिन देखना पड़ेगा। उन्होंने भी दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की मांग की।
पुलिस की जांच और पूछताछ
Justice for Ketan is gaining momentum🕯️
— Megh Updates 🚨™ (@MeghUpdates) June 27, 2026
Ketan Agarwalʼs family, along with residents of their society, held a candlelight march in Pimpri-Chinchwad to pay tribute to him and demand justice, carrying placards calling for swift action in the case.pic.twitter.com/c1s39qRlvs
पुलिस ने बताया कि मामले की जांच लगातार चल रही है। शुक्रवार को आरोपी सिया गोयल के माता-पिता और भाई से लोनावला पुलिस स्टेशन में पूछताछ की गई। बताया गया कि भाई से कई घंटों तक सिया और चेतन चौधरी के संबंधों के बारे में सवाल पूछे गए। पुलिस के अनुसार, सिया गोयल फिलहाल 29 जून तक हिरासत में है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
फास्ट ट्रैक कोर्ट में मामला चलेगा
महाराष्ट्र सरकार ने इस मामले की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट को मंजूरी दी है और वरिष्ठ अधिवक्ता तथा राज्यसभा सांसद उज्ज्वल निकम को विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया है। इससे पहले, केतन अग्रवाल के पिता ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर जल्द न्याय की मांग की थी। मुख्यमंत्री ने परिवार को आश्वासन दिया कि मामले में कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का आरोप है कि 18 जून को लोहागढ़ किले पर सिया गोयल और चेतन चौधरी ने कथित साजिश के तहत केतन को खाई में धक्का दिया था। इन आरोपों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया अभी जारी है.
