Newzfatafatlogo

फेस्टिव सीजन में क्विक कॉमर्स में रोजगार का नया दौर

क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स त्योहारी सीजन के लिए बड़े पैमाने पर हायरिंग की योजना बना रहे हैं, जिसमें 1 लाख से 3 लाख अस्थायी नौकरियों का सृजन होने की संभावना है। तकनीकी विशेषज्ञों की मांग में वृद्धि हो रही है, और कर्मचारियों के वेतन में भी 12 से 22 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की उम्मीद है। कंपनियां अब टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी अपने डार्क स्टोर्स का विस्तार कर रही हैं। जानें इस क्षेत्र में हो रहे बदलाव और अवसरों के बारे में।
 | 

क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स की बढ़ती हायरिंग

नई दिल्ली: आगामी त्योहारी सीजन के मद्देनजर, क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स ने बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की भर्ती की योजना बनाई है। कंपनियां अपने ग्राहकों को 10 से 15 मिनट में ऑर्डर डिलीवर करने के वादे को पूरा करने के लिए पिछले साल की तुलना में 35-40 प्रतिशत अधिक अस्थायी (फ्लेक्सी) कर्मचारियों को नियुक्त करने जा रही हैं। लोग अब पारंपरिक रिटेल या ई-कॉमर्स की बजाय त्वरित डिलीवरी सेवाओं को प्राथमिकता दे रहे हैं, जिससे इस क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर उत्पन्न हो रहे हैं।


तकनीकी विशेषज्ञों की मांग में वृद्धि
इस बार की भर्ती में एक महत्वपूर्ण पहलू यह है कि तकनीकी ज्ञान रखने वाले कर्मचारियों की मांग सबसे अधिक है। कंपनियों को 10 से 15 मिनट की डिलीवरी के सख्त वादे को बिना किसी गलती के पूरा करने के लिए प्रशिक्षित व्यक्तियों की आवश्यकता है। इन कर्मचारियों को वेयरहाउस प्रबंधन प्रणाली के ऑपरेटर, ऑटोमेटेड पिक-एंड-पैक सुपरवाइज़र्स, इन्वेंट्री समन्वय तकनीशियन, आरएफआईडी और बारकोड स्कैनर विशेषज्ञों के साथ-साथ एआई सिस्टम को प्रबंधित करने जैसे महत्वपूर्ण कार्यों के लिए नियुक्त किया जा रहा है। ये कर्मचारी डिलीवरी रूट तय करने से लेकर कार्यों का वितरण करने तक की प्रक्रिया को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।


नौकरियों की संख्या में वृद्धि और वेतन में सुधार
रिक्रूटमेंट और स्टाफिंग कंपनियों के अनुसार, इस महीने के अंत में शुरू होने वाले त्योहारी सीजन में क्विक कॉमर्स क्षेत्र में 1 लाख से 3 लाख तक अस्थायी नौकरियों का सृजन हो सकता है। रैंडस्टैड इंडिया और टीमलीज सर्विसेज के आंकड़ों के अनुसार, पिछले साल कुल फेस्टिव फ्लेक्सी हायरिंग में क्विक कॉमर्स की हिस्सेदारी 16-18 प्रतिशत थी, जो इस साल बढ़कर 30 से 40 प्रतिशत तक पहुंचने की संभावना है। केवल नौकरियों की संख्या ही नहीं बढ़ रही है, बल्कि काम की जगह और स्थान के आधार पर कर्मचारियों के वेतन में भी 12 से 22 प्रतिशत तक की वृद्धि की उम्मीद की जा रही है।


डार्क स्टोर्स का तेजी से विस्तार
अब कंपनियां केवल बड़े शहरों में 'लास्ट-माइल डिलीवरी' तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह विस्तार अधिक रणनीतिक और हाइपर-लोकल हो गया है। वर्तमान में, क्विक कॉमर्स कंपनियां भारत के टियर-1 शहरों में लगभग 5,500 से 6,000 डार्क स्टोर संचालित कर रही हैं। अब इनका विस्तार टियर-2 और टियर-3 शहरों में भी तेजी से हो रहा है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि ग्राहकों की बढ़ती मांग और डिलीवरी क्षेत्र को पूरा करने के लिए अगले 12 से 18 महीनों में 1,000 से 1,500 नए डार्क स्टोर खोले जाएंगे।