बागपत में दो दोस्तों की हत्या का मामला: पुजारी पर आरोप
बागपत में हत्या की घटना
बागपत में दो दोस्तों की हत्या: उत्तर प्रदेश के बागपत जिले में दो युवकों की हत्या और उनके शवों को दफनाने का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। एक पुजारी पर इन दोनों की हत्या का आरोप लगाया गया है। मृतक 25 जुलाई से लापता थे। इस मामले में आरोपी पुजारी फरार है, जबकि उसके दो शिष्यों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, यह घटना सिंगोली तगा गांव में हुई। यहां के निवासी इसरार, जो रिड़कू का बेटा है, और दिव्यांग युवक अंकित, जो मुकेश का बेटा है, 25 जुलाई को बाइक पर घूमने निकले थे। जब वे देर शाम तक घर नहीं लौटे, तो उनके परिवार वालों ने उनकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद 29 जुलाई को उनके परिजनों ने थाना चांदीनगर में उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
पुलिस ने दोनों युवकों की खोज में जुटते हुए मुखबिर से जानकारी प्राप्त की कि लहचौड़ा स्थित गणेश मंदिर के पुजारी नरेश नाथ के बारे में कुछ संदिग्ध बातें हैं। जब पुलिस ने पुजारी से पूछताछ करने की कोशिश की, तो वह मौके से फरार हो गया। इसके बाद पुलिस ने उसके दो शिष्यों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। 13 अगस्त की रात को मंदिर के प्रांगण में गड्ढे में दबे इसरार और अंकित के शव बरामद हुए।
जब परिवार वालों को युवकों के शव मिलने की सूचना मिली, तो वहां कोहराम मच गया। शवों का पंचनामा तैयार करने के बाद उन्हें पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। थाना चांदीनगर के प्रभारी राकेश कुमार ने बताया कि दोनों युवकों के शव बरामद कर लिए गए हैं। आरोपी पुजारी अभी भी फरार है, जबकि उसके दो शिष्यों को हिरासत में लिया गया है और मामले की जांच जारी है।
प्रेम प्रसंग के चलते हत्या का शक:
प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि अंकित और इसरार की हत्या का मुख्य कारण प्रेम प्रसंग हो सकता है। बताया जा रहा है कि अंकित की बहन का पुजारी के साथ अफेयर था। इसी वजह से अंकित अपने दोस्त इसरार के साथ 25 जुलाई को पुजारी को समझाने गया था। विवाद बढ़ने पर पुजारी ने दोनों युवकों की हत्या कर दी और शवों को मंदिर के पीछे दफना दिया, जिसके ऊपर टाइल्स लगवा दी गईं।
