भारत और पोलैंड के बीच व्यापारिक संबंधों को नई दिशा
भारत और पोलैंड के बीच द्विपक्षीय व्यापार का लक्ष्य
भारत और पोलैंड के व्यापारिक संबंध: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने गुरुवार को 2030 तक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है।
दोनों नेताओं की बैठक के बाद जारी एक संयुक्त बयान में यह जानकारी साझा की गई। बयान में कहा गया है कि भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते पर शीघ्र हस्ताक्षर करने, उसकी स्वीकृति और समयबद्ध क्रियान्वयन की आवश्यकता पर बल दिया गया। नेताओं का मानना है कि इससे व्यापार और निवेश के नए अवसर उत्पन्न होंगे, महत्वपूर्ण मूल्य श्रृंखला को अधिक विविध और मजबूत बनाया जा सकेगा, और नए बाजारों तक पहुंच संभव होगी।
प्रधानमंत्री मोदी ने पोलैंड की कंपनियों को भारत में निवेश और व्यापार विस्तार के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने बताया कि भारत का बड़ा बाजार, कुशल कार्यबल, तेजी से बढ़ता विनिर्माण क्षेत्र और नवाचार-आधारित पारिस्थितिकी तंत्र विदेशी कंपनियों के लिए बड़े अवसर प्रदान करता है।
व्यापक यूरोपीय बाजार में प्रवेश:
डोनाल्ड टस्क ने पोलैंड में भारतीय निवेश की सराहना करते हुए कहा कि पोलैंड, मध्य और पूर्वी यूरोप के साथ-साथ व्यापक यूरोपीय बाजार में विस्तार करने की इच्छुक भारतीय कंपनियों के लिए एक महत्वपूर्ण प्रवेश द्वार बन सकता है।
कृषि क्षेत्र में सहयोग:
दोनों नेताओं ने कृषि क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति व्यक्त की। इसके लिए द्विपक्षीय कार्य समूह की गतिविधियों को फिर से शुरू किया जाएगा, जिससे कृषि व्यापार और तकनीकी सहयोग को नई गति मिल सके।
