भारत-जापान टी20 मैच में अंपायरिंग विवाद: श्रेयस अय्यर की बहस ने बदला नतीजा
टी20 मुकाबले में विवाद की शुरुआत
नई दिल्ली. भारत और जापान के बीच खेले गए टी20 मैच की चर्चा अब उस मुकाबले से कहीं अधिक हो रही है, जिसमें भारतीय टीम ने मुश्किल से जीत हासिल की। मैच के अंतिम ओवर में वाइड बॉल के फैसले को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ, जिसने खेल का परिणाम बदलने की क्षमता रखी। श्रेयस अय्यर ने अंपायर से चर्चा की, जिसके बाद यह निर्णय बदला गया।
जापान के खिलाफ इस टी20I मैच में एक महत्वपूर्ण अंपायरिंग विवाद सामने आया। अंतिम ओवर में फील्ड अंपायर क्रिस थर्गेट ने 'वाइड बॉल' का निर्णय वापस लेने के बाद इस पर चर्चा शुरू हो गई। इसी विवाद के चलते भारतीय टीम ने जापान को 2 रन से हराकर एक महत्वपूर्ण जीत हासिल की।
विवाद की शुरुआत कैसे हुई?
जापान को भारत के खिलाफ जीत के लिए अंतिम 4 गेंदों पर 7 रनों की आवश्यकता थी। अक्षर पटेल अंतिम ओवर फेंक रहे थे, और बारिश के कारण मैच को 5-5 ओवर का करना पड़ा था.
पहली गेंद: अक्षर ने जापान के बल्लेबाज अलेक्जेंडर शिराई-पैटमोर को गेंद डाली, जिसे अंपायर ने वाइड करार दिया।
दूसरी गेंद: अगली गेंद पर भी वही स्थिति दोहराई गई, जिससे अक्षर और विकेटकीपर संजू सैमसन ने नाराजगी जताई। इसके बाद श्रेयस अय्यर ने अंपायर क्रिस थर्गेट से बात की।
फैसला पलटा: श्रेयस अय्यर से चर्चा के बाद, अंपायर थर्गेट ने लेग-अंपायर क्रिस ब्राउन से बात की और वाइड के फैसले को वापस ले लिया। इस बदलाव के बाद जापान को 4 गेंदों में 5 रन बनाने थे, जो अब 3 गेंदों में 6 रन हो गए। इस बदलाव ने मैच का रुख भारत की ओर मोड़ दिया।
क्या अंपायर को फैसला बदलने की अनुमति है?
एमसीसी (MCC) के नियम 2.12 के अनुसार: 'अंपायर अपने द्वारा लिए गए किसी भी फैसले को बदल सकता है, बशर्ते यह बदलाव तुरंत किया गया हो और अगली गेंद फेंके जाने से पहले हुआ हो।'
