भारत-जापान संबंधों में नई प्रगति, पीएम मोदी ने विश्वास को बताया मुख्य संपत्ति
जापानी पीएम का भारत दौरा
नई दिल्ली: जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची ने तीन दिवसीय भारत यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता की। इस बैठक में दोनों नेताओं ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में चर्चा की। पीएम मोदी ने ताकाइची को एक दूरदर्शी और लोकप्रिय नेता के रूप में सराहा। इस दौरान, रक्षा और आधुनिक तकनीक जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर गहन चर्चा हुई।
भारत-जापान संबंधों की मजबूती
पीएम मोदी ने कहा, "आप जापान की पहली महिला प्रधानमंत्री हैं और नारा प्रीफेक्चर से आती हैं, जो भारत-जापान की साझा बौद्ध विरासत का महत्वपूर्ण केंद्र है।" उन्होंने जी7 समिट में दोनों देशों के बीच बढ़ते संबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि आपसी विश्वास आज के वैश्विक परिदृश्य में सबसे बड़ा रणनीतिक संपत्ति है।
आर्थिक सहयोग और सुरक्षा
उन्होंने कहा, "भारत और जापान, दोनों ही विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में से हैं। एक स्वतंत्र और समृद्ध इंडो-पैसिफिक हमारी साझा प्राथमिकता है।" पीएम मोदी ने एआई इकोसिस्टम और तकनीकी साझेदारी को मजबूत करने की बात की। उन्होंने बताया कि जापान की प्रीसिजन प्रौद्योगिकी और भारत की सॉफ्टवेयर क्षमता का संगम वैश्विक एआई विकास को नई दिशा देगा।
रक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में सहयोग
डिफेंस क्षेत्र में, पीएम मोदी ने भारत और जापान के पहले को-डेवलपमेंट प्रोजेक्ट का उल्लेख किया, जो नेवल रेडियो एंटीना से संबंधित है। इसके अलावा, फार्मा और बायोटेक में समझौतों से वैश्विक स्वास्थ्य सुरक्षा में योगदान देने की बात कही।
निवेश और आर्थिक सुरक्षा
पीएम मोदी ने कहा, "भारत-जापान निवेश साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है। पिछले वर्ष में 100 से अधिक नए बिजनेस एग्रीमेंट हुए हैं, जिससे भारत में 10 बिलियन डॉलर से अधिक जापानी निवेश आएगा।" उन्होंने आर्थिक सुरक्षा के लिए एक संयुक्त रोडमैप तैयार करने की बात भी की।
ऊर्जा सुरक्षा और भविष्य की योजनाएं
ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में, दोनों देशों ने बायोगैस और ऑर्गेनिक खाद प्लांट लगाने का निर्णय लिया है। पीएम मोदी ने कहा कि इससे भारत के गांवों में स्थिरता और समृद्धि को बढ़ावा मिलेगा।
संस्कृति और तकनीकी सहयोग
पीएम मोदी ने कहा, "हमारे संबंधों की ताकत हमारी पीपुल-टू-पीपुल संपर्क है।" उन्होंने अगले वर्ष भारत-जापान कूटनीतिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ मनाने की योजना का भी उल्लेख किया।
विशेष साझेदारी का संकल्प
अंत में, पीएम मोदी ने कहा, "भारत और जापान की अर्थव्यवस्था एक-दूसरे की पूरक हैं। हमारे संबंधों की नींव आपसी विश्वास पर टिकी है।" उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह साझेदारी नई ऊंचाइयों तक पहुंचेगी।
