Newzfatafatlogo

मणिपुर में सीमा पार से आए हमलावरों ने चार लोगों की हत्या की

मणिपुर के कामजोंग जिले में गुरुवार को एक बार फिर से हिंसा का मामला सामने आया, जब सीमा पार से आए हथियारबंद हमलावरों ने अंधाधुंध गोलीबारी की। इस हमले में चार लोगों की जान चली गई, जिसमें एक पिता और पुत्र शामिल हैं। घटना के बाद स्थानीय संगठन ने हमलावरों के खिलाफ 24 घंटे का बंद घोषित किया है। जानें इस घटना के पीछे की वजह और क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बारे में।
 | 

मणिपुर के कामजोंग जिले में फिर से हिंसा

इंफाल: मणिपुर के कामजोंग जिले में गुरुवार दोपहर को एक बार फिर से खून-खराबा हुआ। इंडो-म्यांमार सीमा के पास स्थित पिलोंग गांव में हथियारबंद हमलावरों ने अंधाधुंध गोलीबारी की, जिसमें एक पिता और पुत्र समेत चार लोगों की जान चली गई। यह स्थान चासाड पुलिस स्टेशन से लगभग 30 किलोमीटर दूर है। पुलिस के उच्च अधिकारियों के अनुसार, यह संभावना जताई जा रही है कि हमलावर म्यांमार से भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ कर आए थे और वारदात के बाद भाग निकले।


प्रत्यक्षदर्शी ने भागकर दी जानकारी
गुरुवार शाम करीब 4 बजे हुए इस हमले ने गांव में अफरा-तफरी मचा दी। हमले के दौरान एक स्थानीय निवासी, अखन कापिंग, किसी तरह अपनी जान बचाकर भागने में सफल रहा और उसने इस भयानक घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही चासाड पुलिस स्टेशन के प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस, असम राइफल्स के जवानों और स्थानीय लोगों की टीम मौके पर पहुंची ताकि शवों और घायलों को सुरक्षित स्थान पर लाया जा सके। मृतकों की पहचान फामी जाजो, निंगथेम जिंगसुई, बेटरसन जाजो और वारेइशिम जाजो के रूप में की गई है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।


KNA-B पर हमले का संदेह, 24 घंटे का बंद
हमले के लिए कुकी नेशनल आर्मी बर्मा (KNA-B) पर संदेह जताया जा रहा है। कामजोंग जिला टांगखुल नागा बहुल क्षेत्र है, जहां पिछले कुछ महीनों से नागा और कुकी समुदायों के बीच तनाव बना हुआ है। इस ताजा घटना के विरोध में प्रमुख सामाजिक संगठन टांगखुल नागा लॉन्ग (TNL) ने कड़ा रुख अपनाया है। संगठन ने हमले के लिए KNA-B और कुकी नार्को आतंकियों को जिम्मेदार ठहराते हुए शुक्रवार सुबह 7 बजे से शनिवार सुबह 7 बजे तक 24 घंटे का पूर्ण बंद का ऐलान किया है, जिससे सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा बल पूरी तरह से अलर्ट हो गए हैं।