महादेव ऑनलाइन बेटिंग रैकेट में मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी
मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी
गुरुवार को सीबीआई ने 6,000 करोड़ रुपये के महादेव ऑनलाइन बेटिंग रैकेट मामले में मुख्य आरोपी अभिषेक कुमार को गिरफ्तार किया। यह गिरफ्तारी हैदराबाद एयरपोर्ट पर हुई, जब वह दुबई से लौट रहा था। अभिषेक कुमार, महादेव के प्रमोटर सौरभ चंद्राकर का करीबी सहयोगी है और वह लंबे समय से फरार था।
सीबीआई का बयान
सीबीआई के प्रवक्ता ने जानकारी दी कि अभिषेक कुमार ने महादेव बुक के तहत ऑनलाइन सट्टेबाजी और जुए का संचालन किया। वह सट्टेबाजी पैनलों के बीच समन्वय स्थापित करने और धन जुटाने में भी सक्रिय था। इसके अलावा, उसने कथित तौर पर दुबई में सट्टेबाजी से अर्जित धन का उपयोग करके संपत्ति खरीदी।
आपत्तिजनक सामग्री की जब्ती
अभिषेक कुमार की गिरफ्तारी के बाद की गई तलाशी में उसके पास से आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई। सीबीआई के अनुसार, 'जब्त की गई सामग्री से यह स्पष्ट होता है कि उसने महादेव सट्टेबाजी ऐप के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और सौरभ चंद्राकर तथा शुभम सोनी के साथ निकटता से काम किया।'
कोर्ट में पेशी
गिरफ्तारी के बाद, अभिषेक कुमार को हैदराबाद की एक स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां सीबीआई ने तीन दिन की ट्रांजिट रिमांड प्राप्त की। इसके बाद, उसे रायपुर ले जाया गया, जहां की अदालत ने दो दिन की पुलिस हिरासत की मंजूरी दी।
महादेव ऐप का मामला
महादेव ऐप, जिसे महादेव ऑनलाइन बुक के नाम से भी जाना जाता है, का संचालन छत्तीसगढ़ के दो फरार कारोबारियों, सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल द्वारा किया जाता था। आरोप है कि 2019 से इस ऐप के माध्यम से 80,000 करोड़ रुपये की कमाई की गई। छत्तीसगढ़ सरकार ने महादेव सट्टेबाजी ऐप से जुड़े मामलों में 13 FIR सीबीआई को सौंपी थी, जिसके बाद सीबीआई ने इन मामलों की जांच शुरू की।
