माता वैष्णो देवी यात्रा: ऑनलाइन बुकिंग न कराने पर हो सकती है परेशानी
यात्रा से पहले ऑनलाइन बुकिंग की आवश्यकता
नई दिल्ली: यदि आप माता वैष्णो देवी के दर्शन की योजना बना रहे हैं, तो यात्रा से पहले ऑनलाइन बुकिंग कराना अनिवार्य हो गया है। गर्मी की छुट्टियों के कारण कटड़ा और भवन क्षेत्र में श्रद्धालुओं की संख्या में भारी वृद्धि हो रही है। इस स्थिति में कई सेवाओं की अग्रिम बुकिंग पहले से ही पूरी हो चुकी है, जिससे पंजीकरण केंद्रों को समय से पहले बंद करना पड़ रहा है। बिना योजना के यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।
श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने यात्रियों से ऑनलाइन बुकिंग कराने की अपील की है। यात्रा पर्ची, आवास, हेलीकॉप्टर सेवा, बैटरी कार, रोपवे, घोड़ा, पिट्ठू और पालकी जैसी सुविधाओं की अग्रिम बुकिंग बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट और मोबाइल ऐप के माध्यम से की जा सकती है। अधिकारियों का कहना है कि वर्तमान में भीड़ काफी अधिक है, इसलिए जिन श्रद्धालुओं ने पहले से बुकिंग नहीं कराई है, उन्हें सेवाएं मिलने में दिक्कत हो सकती है।
तीन लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने किए दर्शन
कटड़ा से लेकर भवन तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। पिछले एक सप्ताह में तीन लाख से अधिक श्रद्धालु माता के दरबार में हाजिरी लगा चुके हैं। यात्रा मार्ग पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए श्राइन बोर्ड लगातार निगरानी कर रहा है। कटड़ा, यात्रा मार्ग और भवन परिसर में श्रद्धालुओं को अनावश्यक रूप से रुकने की अनुमति नहीं दी जा रही है ताकि भीड़ का दबाव कम किया जा सके। आंकड़ों के अनुसार, प्रतिदिन लगभग 43 हजार से 50 हजार श्रद्धालु कटड़ा पहुंच रहे हैं, जिससे व्यवस्थाओं पर अतिरिक्त दबाव बना हुआ है।
पंजीकरण केंद्रों के समय से पहले बंद होने की स्थिति
भीड़ अधिक होने पर कई बार मुख्य पंजीकरण केंद्र निर्धारित समय से पहले बंद कर दिए जाते हैं। ऐसे में ऑनलाइन यात्रा पर्ची रखने वाले श्रद्धालु दर्शनी ड्योढ़ी और ताराकोट मार्ग के प्रवेश बिंदुओं पर बने पंजीकरण केंद्रों से अपना आरएफआईडी कार्ड प्राप्त कर सकते हैं। हाल के दिनों में भीड़ के कारण कई बार पंजीकरण केंद्र समय से पहले बंद करने पड़े हैं। उदाहरण के लिए, छह जून को केंद्रों को निर्धारित समय से लगभग दो घंटे पहले बंद कर दिया गया था।
पंजीकरण केंद्रों की स्थिति
श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या का असर यात्रा से जुड़ी सभी प्रमुख सेवाओं पर दिखाई दे रहा है। हेलीकॉप्टर, बैटरी कार, रोपवे और आवास जैसी सुविधाओं की मांग तेजी से बढ़ गई है। श्राइन बोर्ड के अनुसार, पर्यावरण और सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों को ध्यान में रखते हुए प्रतिदिन सीमित संख्या में ही श्रद्धालुओं को यात्रा की अनुमति दी जाती है। इसी कारण भीड़ को नियंत्रित रखने के लिए पंजीकरण केंद्रों को कई बार समय से पहले बंद करना पड़ता है।
लंबा इंतजार कर रहे श्रद्धालु
वर्तमान में पंजीकरण केंद्रों, सुरक्षा जांच चौकियों, भवन परिसर और दर्शन स्थलों पर श्रद्धालुओं को लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। कई यात्रियों को घंटों कतार में खड़े रहना पड़ रहा है। भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए प्रशासन और श्राइन बोर्ड के कर्मचारी लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहे हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा न हो।
ऑनलाइन एडवांस बुकिंग की स्थिति
हेलीकॉप्टर, बैटरी कार, रोपवे और भवन क्षेत्र में उपलब्ध आवास सेवाओं की अधिकांश ऑनलाइन बुकिंग अगले कई दिनों के लिए भर चुकी है। ऐसे में अचानक यात्रा की योजना बनाने वाले लोगों के लिए चुनौतियां बढ़ सकती हैं। हालांकि बुजुर्ग श्रद्धालुओं, दिव्यांग व्यक्तियों और गंभीर रूप से बीमार यात्रियों के लिए विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। श्राइन बोर्ड ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा पर निकलने से पहले सभी आवश्यक बुकिंग और पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
