मॉनसून का कहर: भारत के कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
मॉनसून की सक्रियता
भारत के पश्चिमी क्षेत्रों में मॉनसून ने अपनी ताकत दिखाना शुरू कर दिया है। भारतीय मौसम विभाग ने 24 जुलाई के लिए राजस्थान, गुजरात और मध्य महाराष्ट्र के विभिन्न हिस्सों में रेड अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, इन स्थानों पर कहीं-कहीं अत्यधिक भारी बारिश की संभावना है। मध्य भारत में भी मॉनसून की गतिविधियाँ काफी सक्रिय हैं, और जम्मू-कश्मीर के कुछ क्षेत्रों में भी रेड अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा, कोंकण-गोवा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और पूर्वोत्तर के कई राज्यों में भी आज भारी बारिश का अनुमान है।
राजस्थान में बारिश का खतरा
राजस्थान में बारिश का सबसे अधिक खतरा है। मौसम विभाग के अनुसार, पूर्वी राजस्थान में शुक्रवार को कई स्थानों पर भारी से अत्यधिक भारी बारिश की संभावना है। कोटा, उदयपुर, जयपुर, भरतपुर और अजमेर के कई जिलों में तेज बारिश जारी रह सकती है। हाल की लगातार बारिश के कारण कई बांधों और नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। विभाग ने बताया कि अगले 24 घंटों में मॉनसून की गतिविधियाँ और भी सक्रिय रह सकती हैं।
गुजरात में स्थिति गंभीर
गुजरात इस समय सबसे अधिक प्रभावित राज्यों में से एक है। दक्षिण और मध्य गुजरात के कई जिलों में पिछले 24 घंटों में अत्यधिक बारिश हुई है। वलसाड में 36 इंच बारिश रिकॉर्ड की गई, जिससे कई क्षेत्र जलमग्न हो गए हैं। इस स्थिति को देखते हुए वलसाड सहित कई जिलों में स्कूल बंद कर दिए गए हैं। राज्य सरकार ने राहत और बचाव कार्यों को तेज करते हुए अतिरिक्त एनडीआरएफ और एसडीआरएफ टीमों को तैनात किया है। रिपोर्टों के अनुसार, हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है।
महाराष्ट्र में रेड अलर्ट
महाराष्ट्र में इस वर्ष बारिश ने आफत का रूप ले लिया है। जबकि अन्य राज्यों में बारिश कम हो रही है, वहीं महाराष्ट्र में बारिश का स्तर रिकॉर्ड तोड़ रहा है। आईएमडी ने मध्य महाराष्ट्र के लिए आज भी रेड अलर्ट जारी किया है। कोंकण क्षेत्र, घाट इलाकों और आसपास के जिलों में भारी से अत्यधिक बारिश का पूर्वानुमान है। मुंबई में शुक्रवार को येलो अलर्ट है, जबकि पालघर में रेड अलर्ट और ठाणे, रायगढ़ तथा रत्नागिरी में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। लगातार बारिश से कई नदियों का जलस्तर बढ़ गया है, और मुंबई को पानी सप्लाई करने वाली झीलों में जल स्तर तेजी से बढ़ रहा है।
अन्य राज्यों की स्थिति
दिल्ली-एनसीआर में शुक्रवार को हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर तेज बारिश की संभावना है। उत्तर प्रदेश के पूर्वी और तराई क्षेत्रों में कई जिलों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। बिहार के उत्तरी और पूर्वी जिलों में भी अगले 24 घंटों में अच्छी बारिश होने का अनुमान है। मौसम विभाग के अनुसार, इन राज्यों में गरज-चमक के साथ बारिश का दौर जारी रहेगा।
पहाड़ी राज्यों में खतरा
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में मॉनसून सक्रिय है। कई क्षेत्रों में शुक्रवार को भी भारी बारिश का पूर्वानुमान है। हाल की लगातार बारिश के कारण कई सड़कों पर यातायात प्रभावित हुआ है, और प्रशासन संवेदनशील इलाकों पर नजर रख रहा है। जम्मू-कश्मीर के कुछ क्षेत्रों में आज अति भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इन राज्यों में फ्लैश फ्लड का खतरा भी बना हुआ है।
पूर्वोत्तर में बाढ़ की स्थिति
इस वर्ष बारिश के कारण पूर्वोत्तर भारत के राज्यों में सबसे अधिक तबाही हुई है। असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, नागालैंड और मिजोरम में भी भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। असम के कई जिलों में बाढ़ की स्थिति अभी भी सामान्य नहीं हुई है। ब्रह्मपुत्र और उसकी सहायक नदियों का जलस्तर ऊंचा बना हुआ है। राहत शिविरों में हजारों लोग रह रहे हैं, और कई निचले इलाकों में अब भी पानी भरा हुआ है। मौसम विभाग ने पूर्वोत्तर में अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान जताया है।
भविष्यवाणी
आईएमडी के अनुसार, 24 जुलाई को राजस्थान, गुजरात, मध्य महाराष्ट्र, कोंकण-गोवा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, ओडिशा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और पूर्वोत्तर के राज्यों में अलग-अलग स्थानों पर भारी से अत्यधिक बारिश की संभावना है। पश्चिम भारत में सबसे अधिक असर राजस्थान, गुजरात और मध्य महाराष्ट्र में देखने को मिल सकता है।
