मॉनसून की गतिविधियों में वृद्धि, देशभर में बारिश की संभावना
मौसम का हाल: बारिश की चेतावनी
नई दिल्ली: रविवार को पूरे देश में मॉनसून गतिविधियों के बढ़ने की उम्मीद है। मौसम विभाग के नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार, कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का प्रभाव देखने को मिल सकता है। कुछ क्षेत्रों में भारी वर्षा की चेतावनी भी जारी की गई है। बारिश का सबसे अधिक प्रभाव पूर्वोत्तर भारत, पूर्वी राज्यों और दक्षिण-पश्चिम तटीय क्षेत्रों में रहने की संभावना है। इसके साथ ही उत्तर भारत के पहाड़ी क्षेत्रों में भी मौसम सक्रिय रहेगा। लोगों को सलाह दी गई है कि वे यात्रा और दैनिक गतिविधियों के दौरान मौसम की ताजा जानकारी पर ध्यान दें।
पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत में बारिश की संभावना
पूर्वोत्तर राज्यों में मॉनसून पूरी तरह से सक्रिय है। अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने की संभावना है। बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और ओडिशा में भी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है। निचले इलाकों में जलभराव जैसी स्थिति बनने की आशंका भी जताई गई है।
पहाड़ी राज्यों में मौसम की सक्रियता
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में रविवार को हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम तेजी से बदल सकता है। वहीं, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है और कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश भी हो सकती है।
दक्षिण और पश्चिम भारत में मॉनसून का प्रभाव
केरल, कर्नाटक और गोवा में कई स्थानों पर मध्यम से भारी बारिश की संभावना है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और तेलंगाना के कुछ हिस्सों में भी गरज-चमक के साथ वर्षा हो सकती है। महाराष्ट्र के कोंकण, मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा क्षेत्रों में भी छिटपुट बारिश और तेज हवाओं का अनुमान है। इन क्षेत्रों में मौसम सामान्य से अधिक सक्रिय रह सकता है।
उत्तर प्रदेश में मौसम में बदलाव
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में शनिवार को अच्छी बारिश हुई। कानपुर शहर में सबसे अधिक 67.6 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड की गई। इसके अलावा, सीतापुर के भटपुरवाघाट में 44.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं, जबकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में मौसम अपेक्षाकृत शुष्क रहने का अनुमान है।
