लखनऊ में नाबालिगों के साथ दुष्कर्म का मामला, चाचा और पिता पर आरोप
लखनऊ में रिश्तों की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाला मामला
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को लेकर भले ही प्रशासनिक दावे किए जा रहे हों, लेकिन वास्तविकता कुछ और ही है। राजधानी लखनऊ के मलिहाबाद क्षेत्र से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसने पारिवारिक रिश्तों की गरिमा को ध्वस्त कर दिया है।
यहां एक ही परिवार की दो नाबालिग भतीजियों, जो कक्षा 6 और 9 में पढ़ती हैं, ने अपने चाचा पर पिछले तीन वर्षों से नशे की गोलियां देकर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है। इस मामले का सबसे घिनौना पहलू यह है कि बच्चियों के पिता को इस दरिंदगी की जानकारी थी, लेकिन उन्होंने मदद करने के बजाय बेटियों को चुप रहने के लिए कहा।
नशे की गोलियों से तीन साल तक जारी रहा अत्याचार
पीड़ित बच्चियों की मां लखनऊ में एक निजी नौकरी करती हैं, जबकि दोनों बेटियां अपने पिता के साथ गांव में रहती थीं। आरोपी चाचा गांव के पास एक निजी स्कूल चलाता है। मां की शिकायत के अनुसार, आरोपी चाचा पिछले तीन वर्षों से बच्चियों के खाने में नशीली गोलियां मिलाकर उनके साथ दुष्कर्म कर रहा था। 9 जून को आरोपी ने बड़ी बेटी को फिर से शिकार बनाया। इस बार पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर अपने पिता को अपनी आपबीती बताई। लेकिन पिता ने बेटी को सांत्वना देने के बजाय डांटकर चुप रहने को कहा।
पिता की बेरुखी और चाचा के अत्याचार से तंग आकर दोनों बच्चियों ने अपनी मां को फोन पर पूरी कहानी बताई। बेटियों का दर्द सुनकर मां तुरंत गांव पहुंचीं और मलिहाबाद थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई।
मलिहाबाद थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह भाटी के अनुसार, मां की शिकायत पर आरोपी चाचा के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही, पिता को भी अपराध छिपाने और सह-अभियुक्त होने के आरोप में नामजद किया गया है। पुलिस ने बताया कि दोनों फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए कई टीमें गठित की गई हैं और संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
