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लखीमपुर खीरी में डीसीएम चालक की करंट लगने से मौत, बिजली विभाग पर उठे सवाल

लखीमपुर खीरी में एक डीसीएम चालक की करंट लगने से हुई दुखद मौत ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यह घटना केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि लापरवाहियों की कहानी है। सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरों ने इस मामले को और भी गंभीर बना दिया है। स्थानीय निवासियों ने झूलते हाईटेंशन तारों को लेकर चिंता जताई है और सुधार की मांग की है। जानें इस घटना के पीछे की पूरी कहानी और इसके प्रभाव।
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लखीमपुर खीरी में डीसीएम चालक की करंट लगने से मौत, बिजली विभाग पर उठे सवाल

लखीमपुर खीरी में दर्दनाक हादसा

लखीमपुर खीरी। 'मेरा भारत महान' का नारा देना और लिखना सरल है, लेकिन देश की असली महानता केवल नारों से नहीं, बल्कि प्रशासनिक जवाबदेही और नागरिकों की सुरक्षा से सिद्ध होती है। लखीमपुर खीरी में एक डीसीएम चालक की करंट लगने से हुई दुखद मौत ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। यह घटना केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि उन लापरवाहियों की कहानी है जो समय पर सुधार की जा सकती थीं, जिससे किसी परिवार को यह दर्द न सहना पड़ता।

दरअसल, लखीमपुर खीरी के पढुआ थाना क्षेत्र में मंगलवार को एक दुखद घटना घटी, जिसमें करंट लगने से डीसीएम चालक की जान चली गई। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर जो तस्वीरें वायरल हुई हैं, वे बिजली विभाग की व्यवस्था की पोल खोलती हैं। बताया गया है कि हाईटेंशन लाइन का तार काफी नीचे लटक रहा था। चलते समय यह तार डीसीएम की छत से टकरा गया। चालक ने स्थिति को देखते हुए तार को हटाने के लिए वाहन की छत पर चढ़ने का प्रयास किया, जिसके दौरान वह करंट की चपेट में आ गया।

इस घटना के बाद मृतक चालक की तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गईं। तस्वीर में स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि चालक का पैर डीसीएम में बंधी रस्सी में फंसा हुआ है, और वहां 'मेरा भारत महान' लिखा हुआ है। इसके बाद बिजली विभाग की व्यवस्था को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं। घटना के बाद क्षेत्र में झूलते हाईटेंशन तारों के बारे में भी चिंताएं व्यक्त की जा रही हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि कई स्थानों पर बिजली के तार काफी नीचे लटक रहे हैं, जिससे आए दिन हादसों का खतरा बना रहता है। उन्होंने ऐसे तारों को जल्द ठीक करने की मांग की है। मृतक की पहचान ऊंच गांव के 40 वर्षीय मेड़ाई उर्फ वारिश के रूप में हुई है।