सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस ने प्रदर्शन रोकने के लिए सरकार की तैयारियों पर उठाए सवाल
सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी
नई दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन को रोकने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों पर असंतोष व्यक्त किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार सभी आवश्यक सेवाओं और परिवहन के साधनों को बंद नहीं कर सकती। उन्होंने सरकार की तैयारियों पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मक्खी मारने के लिए हथौड़े का उपयोग नहीं किया जाना चाहिए। उल्लेखनीय है कि मुख्य न्यायाधीश ने एक विशेष संदर्भ में 'कॉकरोच' शब्द का प्रयोग किया था, जिसके बाद इस नाम से एक सोशल मीडिया अकाउंट भी बनाया गया।
दिल्ली मेट्रो और ट्रेन सेवाओं पर अदालत का आदेश
मुख्य न्यायाधीश के समक्ष दिल्ली में 57 मेट्रो स्टेशनों को बंद करने और ट्रेन सेवाओं को रद्द करने का मामला आया। सुनवाई के दौरान अदालत ने सरकार को चेतावनी दी कि वह इस तरह से सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को बंद नहीं कर सकती। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने कहा, 'कुछ चीजों को रोकना आवश्यक है, लेकिन इसके लिए केवल उतनी ही कार्रवाई करें जितनी जरूरी हो। इसका मतलब यह नहीं कि आप मक्खी मारने के लिए हथौड़े का इस्तेमाल करें।' इस टिप्पणी के साथ अदालत ने स्पष्ट किया कि दिल्ली मेट्रो और ट्रेन सेवाएं पूरी तरह से बंद नहीं की जा सकतीं।
प्रदर्शन के चलते मेट्रो और ट्रेन सेवाओं में रुकावट
दरअसल, कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन को देखते हुए शुक्रवार रात 9 बजे से 57 मेट्रो स्टेशनों को बंद करने का निर्णय लिया गया था। इसके अलावा, नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन स्टेशनों से चलने वाली 38 मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों को भी रद्द कर दिया गया था।
