हरियाणा में प्लॉट आवंटन घोटाले में एसीबी की कार्रवाई
हरियाणा प्लॉट आवंटन मामले में गिरफ्तारी
हरियाणा के पंचकूला में प्लॉट आवंटन में कथित अनियमितताओं के चलते भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने हरियाणा टूरिज्म कॉर्पोरेशन के मुख्य लेखा अधिकारी सुरजीत सिंह को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। एसीबी ने बताया कि सुरजीत सिंह से मामले की गहन पूछताछ की जा रही है और पूरे प्लॉट आवंटन प्रक्रिया में अन्य अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
आवेदन प्रक्रिया और शिकायतें
आवेदन प्रक्रिया के तहत, आउस्टी कोटा के लिए दावे चार मार्च 2012 को जारी विज्ञापन के माध्यम से आमंत्रित किए गए थे, जबकि आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 27 अप्रैल 2012 थी। इसके बाद, पंचकूला के सेक्टर-2 और 6 एमडीसी में प्लॉट आवंटन को लेकर कई स्तरों पर शिकायतें प्राप्त हुईं।
2019 में रिपोर्ट प्रस्तुत
इन शिकायतों की जांच रिपोर्ट 10 मार्च 2016 को एसीएसटीसीपी के माध्यम से तत्कालीन चेयरमैन को भेजी गई थी। इसके बाद, तत्कालीन विधायक द्वारा दिए गए प्रतिनिधित्व पर मामले की रिपोर्ट मांगी गई। विभाग ने जुलाई 2019 में अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत की।
विधानसभा में फाइल गुम होने का मामला
रिपोर्ट पर विचार के बाद, जून 2020 में मामले को सीबीआई को भेजने की सिफारिश की गई। इस बीच, विधानसभा सत्र के दौरान इस मामले की फाइल गुम होने का मुद्दा भी उठाया गया, जिसके बाद पूरे प्रकरण की दोबारा समीक्षा की गई। अगस्त 2022 में एचएसवीपी चेयरमैन ने सेक्टर-2 और 6 एमडीसी में आउस्टी कोटा के तहत हुए प्लॉट आवंटन की कथित अनियमितताओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए।
एसीबी की जांच की स्थिति
एसीबी का कहना है कि मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। यदि जांच में अन्य अधिकारियों या कर्मचारियों की संलिप्तता सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। हरियाणा टूरिज्म कॉर्पोरेशन के चीफ अकाउंट ऑफिसर सुरजीत सिंह की गिरफ्तारी के बाद यह मामला फिर से सुर्खियों में आ गया है।
