हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश की चेतावनी, प्रशासन ने की तैयारियां
आपात स्थिति से निपटने की तैयारी
स्थानीय प्रशासन ने की आपात स्थिति से निपटने की तैयारी, लोगों को नदियों, नालों से दूर रहने की सलाह
Himachal Weather, शिमला : हिमाचल प्रदेश में आज से मानसून की बारिश का नया चरण शुरू हो चुका है। भारतीय मौसम विभाग की शिमला शाखा ने 20 और 21 जुलाई को प्रदेश में भारी बारिश, भूस्खलन और बादल फटने की घटनाओं के लिए चेतावनी जारी की है। इस दौरान आपात स्थिति से निपटने के लिए स्थानीय प्रशासन ने सभी आवश्यक तैयारियां कर ली हैं। डीसी स्तर पर स्थानीय लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने और नदी-नालों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
भारी बारिश की चेतावनी वाले जिले
मौसम विभाग के अनुसार, चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू, सिरमौर, शिमला, सोलन, हमीरपुर, ऊना और बिलासपुर जैसे कई जिलों में भारी बारिश की संभावना है। विशेष रूप से, 20 और 21 जुलाई को चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू और सिरमौर में अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी दी गई है। इसके अलावा, 22 जुलाई को भी कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है।
भूस्खलन का खतरा
प्रशासन ने जारी की गई एडवाइजरी में बताया है कि लगातार बारिश के कारण कच्चे पहाड़ों में गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इससे पहाड़ी ढलानों पर भूस्खलन का खतरा बढ़ जाता है, जिससे सड़क पर मलबा आने से हादसे होने की संभावना बढ़ जाती है। इसके साथ ही, तेज बारिश से अचानक बाढ़ आने की संभावना है, खासकर छोटी नदियों और नालों में। जल स्तर बढ़ने से निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
वर्तमान बारिश की स्थिति
पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। चंबा जिले के चुआरी में 18 मिमी, धर्मशाला में 14 मिमी और जोत में 11 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई है। प्रशासन द्वारा जारी ट्रैफिक एडवाइजरी और मौसम अलर्ट का कड़ाई से पालन करने की सलाह दी गई है। विशेष रूप से पर्यटकों और स्थानीय लोगों को यात्रा करने से पहले मौसम की ताजा जानकारी अवश्य लेने की सलाह दी गई है।
