कांगो में इबोला का प्रकोप: 2000 से अधिक मौतें, स्वास्थ्य अधिकारी चिंतित
कांगो में इबोला का बढ़ता संकट
कांगो में इबोला वायरस का प्रकोप तेजी से फैल रहा है, जिसमें अब तक 2000 से ज्यादा लोगों की जान जा चुकी है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इबोला के 4,381 मामलों की पुष्टि की गई है, जिनमें से 2,011 लोगों की मृत्यु हो चुकी है।
इस प्रकोप की आधिकारिक घोषणा 15 मई को की गई थी, लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि जीनोम अनुक्रमण से पता चलता है कि यह संक्रमण फरवरी में ही शुरू हो गया था। इटुरी में एक स्थानीय क्लिनिक में मरीजों का इलाज कर रहे डॉ. जीन-मैरी अकंदाबो ने बताया कि 2000 मौतों का आंकड़ा अत्यंत चिंताजनक है और प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों को बढ़ाने की आवश्यकता है।
2014-2016 में पश्चिम अफ्रीका में इबोला के 28,000 से अधिक मामले सामने आए थे, जिसमें 11,000 से ज्यादा लोगों की मृत्यु हुई थी। वर्तमान प्रकोप में मृत्यु दर 45.9 प्रतिशत है, जो कि 2014-2016 के प्रकोप में दर्ज 39.6 प्रतिशत से अधिक है।
इबोला वायरस की पहली पहचान 1976 में उस क्षेत्र में हुई थी, जो आज कांगो में आता है, और यह इलाका इबोला नदी के निकट स्थित है। मौजूदा प्रकोप कांगो में इबोला का 17वां और अब तक का सबसे बड़ा प्रकोप है।
