ग्रेटर नोएडा वेस्ट में चार मूर्ति अंडरपास का ट्रायल शुरू, जाम से मिलेगी राहत
ग्रेटर नोएडा वेस्ट में अंडरपास का उद्घाटन
ग्रेटर नोएडा. ग्रेटर नोएडा वेस्ट के निवासियों और रोजाना यात्रा करने वाले वाहन चालकों के लिए एक महत्वपूर्ण समाचार आया है। चार मूर्ति चौराहे (गौर चौक) पर बने अंडरपास को गुरुवार, 5 नवंबर से ट्रायल के लिए खोला गया है। इस अंडरपास के खुलने से लंबे समय से जाम की समस्या से जूझ रहे लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण द्वारा निर्मित इस अंडरपास का निर्माण कार्य जुलाई 2024 में शुरू हुआ था। यह अंडरपास लगभग 700 मीटर लंबा और छह लेन वाला है, जिसमें लगभग 90 से 100 करोड़ रुपये की लागत आई है। इसका मुख्य उद्देश्य चार मूर्ति चौराहे पर बढ़ते यातायात को नियंत्रित करना और विभिन्न क्षेत्रों के बीच आवागमन को सुगम बनाना है।
जाम की समस्या से राहत
चार मूर्ति चौराहा ग्रेटर नोएडा वेस्ट का एक प्रमुख यातायात केंद्र है, जहां से नोएडा, सूरजपुर, ग्रेटर नोएडा, गाजियाबाद, क्रॉसिंग रिपब्लिक और दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे की ओर बड़ी संख्या में वाहन गुजरते हैं। सुबह और शाम के व्यस्त समय में यहां वाहनों की लंबी कतारें लग जाती थीं, जिससे वाहन चालकों को चौराहे को पार करने में काफी समय लग जाता था।
विशेष रूप से ग्रेटर नोएडा वेस्ट की आवासीय सोसायटियों में रहने वाले नौकरीपेशा लोग, विद्यार्थी और व्यापारी इस समस्या का सामना करते थे। निर्माण कार्य के दौरान भी उन्हें यातायात डायवर्जन और अन्य असुविधाओं का सामना करना पड़ा।
अंडरपास का लाभ
अंडरपास के खुलने से अब संबंधित मार्गों के वाहनों को चार मूर्ति गोलचक्कर पर रुकने की आवश्यकता नहीं होगी। अंडरपास से गुजरने वाले वाहन सीधे अपने गंतव्य की ओर जा सकेंगे, जिससे चौराहे पर यातायात का दबाव कम होगा।
प्राधिकरण की योजना के अनुसार, प्रतिदिन लगभग 30 हजार वाहन इस अंडरपास का उपयोग कर सकेंगे, जिससे ग्रेटर नोएडा वेस्ट और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को लाभ होगा।
ट्रायल की अवधि
अंडरपास को 5 नवंबर से 8 नवंबर तक ट्रायल के लिए खोला गया है। इस दौरान यातायात प्रवाह, सुरक्षा व्यवस्था, लाइटिंग, संकेतक और अन्य तकनीकी व्यवस्थाओं का परीक्षण किया जाएगा। ट्रायल के दौरान सामने आने वाली कमियों को दूर करने के बाद इसे स्थायी रूप से जनता के लिए खोला जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, ट्रायल सफल रहने पर इसके औपचारिक उद्घाटन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा 12 नवंबर को इसके उद्घाटन की संभावना भी जताई गई है।
अंडरपास की सजावट
इस अंडरपास को केवल यातायात की सुविधा के लिए नहीं बनाया गया है, बल्कि इसे आकर्षक रूप भी दिया गया है। इसकी दीवारों पर भगवान गौतम बुद्ध के जीवन और प्रकृति से संबंधित सुंदर चित्रकारी की गई है। इसके अलावा, दो नए यू-टर्न बनाए गए हैं और समानांतर सर्विस रोड को भी बेहतर बनाया गया है।
ग्रेटर नोएडा वेस्ट का विकास
चार मूर्ति अंडरपास का उद्घाटन ग्रेटर नोएडा वेस्ट के आधारभूत ढांचे और यातायात व्यवस्था के विकास में एक महत्वपूर्ण कदम है। क्षेत्र में बढ़ती जनसंख्या और आवासीय सोसायटियों की संख्या के कारण सड़कों पर वाहनों का दबाव तेजी से बढ़ा है। ऐसे में इस तरह की परियोजनाएं स्थानीय निवासियों के लिए अत्यंत आवश्यक हो गई थीं।
अब लोगों को उम्मीद है कि अंडरपास के स्थायी रूप से चालू होने के बाद चार मूर्ति चौराहे पर लगने वाले जाम से राहत मिलेगी और नोएडा, ग्रेटर नोएडा तथा गाजियाबाद के बीच आवागमन अधिक सुविधाजनक हो सकेगा।
