नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहली उड़ान का ऐतिहासिक क्षण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का विकास का विजन
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने विकास की नई ऊंचाइयों को छुआ है। सोमवार को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से लखनऊ के लिए पहली उड़ान का शुभारंभ हुआ, जो किसानों के लिए एक भावनात्मक और ऐतिहासिक क्षण बन गया। इस उड़ान में वे किसान भी शामिल थे, जिन्होंने एयरपोर्ट के निर्माण के लिए अपनी भूमि दी थी। लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर उतरते समय किसानों के चेहरे पर खुशी और गर्व की झलक साफ देखी गई।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा, 'नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की पहली उड़ान से लखनऊ आने वाले जेवर के किसानों और नागरिकों का दिल से स्वागत है। आज का दिन जेवर, गौतमबुद्ध नगर, उत्तर प्रदेश और देश के एविएशन क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक है। भारत के सबसे संभावनाशील एयरपोर्ट से पहली कमर्शियल फ्लाइट का शुभारंभ हुआ है। इस उपलब्धि के पीछे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शिता और जेवर के किसानों का अमूल्य योगदान है।'
नोएडा एयरपोर्ट का महत्व

मुख्यमंत्री ने आगे बताया कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट भारत का पहला कार्गो और MRO (Maintenance, Repair, and Overhaul) केंद्र बनने जा रहा है। इससे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसान अन्न, फल और सब्जियों का उत्पादन कर सकेंगे और उन्हें वैश्विक बाजारों तक पहुंचाने में सक्षम होंगे। जेवर इस सुविधा का केंद्र बनेगा। उन्होंने यह भी कहा कि गौतमबुद्ध नगर क्षेत्र में दुनिया के पांच प्रमुख विश्वविद्यालय अपने कैंपस स्थापित करने की योजना बना रहे हैं, जो क्षेत्र में एक नए परिवर्तन का संकेत है।
युवाओं के लिए नए अवसर

मुख्यमंत्री ने कहा कि YEIDA ने TATA के सहयोग से गौतमबुद्ध नगर में लगभग ₹225 करोड़ की लागत से एक सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू की है। यह केंद्र युवाओं को आधुनिक तकनीक में प्रशिक्षण, सर्टिफिकेट, डिप्लोमा और डिग्री पाठ्यक्रमों के माध्यम से नए अवसर प्रदान करेगा। इससे कौशल विकास को बढ़ावा मिलेगा और उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप दक्ष मानव संसाधन तैयार होंगे, जिससे रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।
