पश्चिम बंगाल में संविदा कर्मचारियों के वेतन में ऐतिहासिक वृद्धि
पश्चिम बंगाल सरकार का बड़ा फैसला
कोलकाता, नई दिल्ली। सरकारी कर्मचारियों के लिए 8वें केंद्रीय वेतन आयोग की प्रतीक्षा में एक महत्वपूर्ण समाचार आया है। पश्चिम बंगाल सरकार ने स्वास्थ्य और बाल विकास विभाग के अंतर्गत कार्यरत हजारों संविदा कर्मचारियों के वेतन में उल्लेखनीय वृद्धि की है। आधिकारिक सूचना के अनुसार, यह नया वेतन 2026 से प्रभावी होगा।
संविदा कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि
आंगनवाड़ी वर्कर्स: इनका मासिक वेतन अब ₹14,000 प्रति माह कर दिया गया है।
आंगनवाड़ी हेल्पर्स: सहायिकाओं का मासिक वेतन बढ़ाकर ₹11,800 प्रति माह किया गया है।
आशा कार्यकर्ता: आशा बहुओं का मासिक फिक्स्ड मानदेय ₹6,250 से बढ़ाकर ₹11,250 कर दिया गया है। इसके अलावा, उन्हें प्रदर्शन-आधारित इंसेंटिव भी मिलेगा, जिससे उनकी कुल आय में और वृद्धि होगी।
बढ़ी हुई सैलरी कब मिलेगी?
कर्मचारियों का यह जानने का उत्सुकता है कि बढ़ा हुआ वेतन कब उनके बैंक खातों में आएगा। सूत्रों के अनुसार, राज्य सरकार ने इस निर्णय को 2026 के दिशा-निर्देशों के तहत तुरंत लागू किया है। यह राशि कर्मचारियों के अगले मासिक वेतन चक्र से उनके खातों में भेजी जाएगी।
केंद्रीय कर्मचारियों के लिए 8वें वेतन आयोग का अपडेट
जबकि राज्य स्तर पर कर्मचारियों को यह लाभ मिल रहा है, केंद्रीय कर्मचारियों के लिए भी उम्मीदें बढ़ गई हैं। नवंबर 2025 में स्थापित 8वां केंद्रीय वेतन आयोग वर्तमान में विभिन्न राज्यों का दौरा कर रहा है और कर्मचारी यूनियनों से बातचीत कर रहा है। केंद्रीय कर्मचारी संगठनों ने आयोग से न्यूनतम बेसिक सैलरी को ₹18,000 से बढ़ाकर ₹69,000 करने और 3.83 का 'फिटमेंट फैक्टर' लागू करने की मांग की है। आयोग को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए 18 महीने का समय दिया गया है, जिससे यह अनुमान लगाया जा रहा है कि केंद्रीय कर्मचारियों को बढ़ी हुई सैलरी 2027 तक मिलेगी। अच्छी बात यह है कि नई पे-स्केल की संदर्भ तिथि 1 जनवरी 2026 है, जिससे कर्मचारियों को इस अवधि का पूरा एरियर एक साथ मिलेगा।
