पेट्रोल और डीजल की कीमतें स्थिर, लेकिन वैश्विक बाजार में बढ़ोतरी का खतरा
पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं
नई दिल्ली: अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार वृद्धि जारी है, लेकिन इसका प्रभाव घरेलू पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर अभी तक नहीं पड़ा है। रविवार को ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने ईंधन की कीमतों में कोई परिवर्तन नहीं किया। इस स्थिति में देशभर के उपभोक्ताओं को राहत मिली है और कीमतें स्थिर बनी हुई हैं। हालांकि, वैश्विक स्तर पर हालात तेजी से बदल रहे हैं। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के कारण पिछले सप्ताह कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 13 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल का मूल्य फिर से 80 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है। ऐसे में आगे की कीमतों पर बाजार की नजर बनी हुई है।
महानगरों में पेट्रोल की कीमतें
देश के कई प्रमुख शहरों में पेट्रोल की कीमत 110 रुपये प्रति लीटर से अधिक है। हैदराबाद में पेट्रोल 115.69 रुपये प्रति लीटर, तिरुअनंतपुरम् में 115.49 रुपये, कोलकाता में 113.48 रुपये, पटना में 113.37 रुपये और जयपुर में 113.32 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। वहीं, बेंगलुरू में इसकी कीमत 111.37 रुपये, पुणे में 112.02 रुपये और मुंबई में 111.21 रुपये प्रति लीटर है।
दिल्ली, नोएडा और लखनऊ में कीमतें
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की कीमत 102.12 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर है। चेन्नई में इसकी कीमत 108.96 रुपये, भुवनेश्वर में 108.97 रुपये, गुरुग्राम में 102.97 रुपये, नोएडा और लखनऊ में 101.89 रुपये तथा चंडीगढ़ में 101.54 रुपये प्रति लीटर है। रविवार को इन सभी शहरों में ईंधन की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया।
डीजल की कीमतें भी स्थिर
रविवार को डीजल की कीमतों में भी कोई परिवर्तन नहीं हुआ। दिल्ली में डीजल 95.20 रुपये प्रति लीटर, मुंबई में 97.83 रुपये, कोलकाता में 99.82 रुपये और चेन्नई में 100.74 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है। हैदराबाद में डीजल 105.22 रुपये, तिरुअनंतपुरम् में 104.40 रुपये, भुवनेश्वर में 100.68 रुपये, पटना में 99.36 रुपये, जयपुर में 98.63 रुपये, नोएडा में 95.37 रुपये, लखनऊ में 95.36 रुपये, गुरुग्राम में 95.64 रुपये और चंडीगढ़ में 89.47 रुपये प्रति लीटर दर्ज किया गया है।
भविष्य में कीमतों में बढ़ोतरी की संभावना
ऑयल मार्केटिंग कंपनियों ने युद्ध के आरंभ के बाद 76 दिनों तक घरेलू स्तर पर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई वृद्धि नहीं की थी। इसके बाद 15 मई से 30 मई के बीच चार बार कीमतों में इजाफा किया गया, जिससे दोनों ईंधनों के दाम कुल 7.5 रुपये प्रति लीटर तक बढ़ गए। उस समय कच्चा तेल 110 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया था। यदि आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी रहती हैं, तो घरेलू बाजार में भी पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
