लुधियाना में एटीएम चोरी के मामले में दो युवकों की गिरफ्तारी
लुधियाना में एटीएम चोरी का मामला
लुधियाना: पंजाब के लुधियाना में स्थित बैंक ऑफ बड़ौदा के एटीएम से लाखों रुपये की चोरी के मामले में पुलिस ने महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। पुलिस ने इस वारदात को अंजाम देने वाले दो युवकों को गिरफ्तार किया है। जांच के दौरान, आरोपियों के पास से चोरी की गई राशि का एक बड़ा हिस्सा और चोरी के पैसे से खरीदे गए मोबाइल फोन भी बरामद हुए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच जारी है और शेष राशि के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
विशेष टीमों ने की तेज जांच
पुलिस कमिश्नर स्वप्न शर्मा के निर्देश पर विशेष टीमों ने इस मामले की जांच को तेजी से आगे बढ़ाया। डिवीजन नंबर-6 थाना पुलिस ने तकनीकी सहायता और खुफिया जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को जस्सा सिंह रामगढ़िया चौक के निकट गिरफ्तार किया।
दो दोस्तों की योजना
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान 24 वर्षीय सुधांशु महाजन उर्फ शैंटी और 19 वर्षीय वसीम खान उर्फ मोटू के रूप में हुई है। पुलिस जांच में पता चला है कि दोनों दिहाड़ी मजदूरी करते थे। लंबे समय से काम न मिलने और आर्थिक तंगी के कारण उन्होंने चोरी की योजना बनाई।
एटीएम की गतिविधियों पर नजर
मुख्य आरोपी सुधांशु अक्सर प्रताप चौक क्षेत्र में रहता था। गर्मियों में, वह कई बार एटीएम केबिन में रात बिताता था। इसी दौरान, उसने वहां की सुरक्षा व्यवस्था और मशीन की संरचना को अच्छी तरह से समझ लिया। बाद में, इसी जानकारी का उपयोग चोरी की वारदात में किया गया।
चोरी की वारदात का समय
12 और 13 जून की रात, दोनों आरोपी एटीएम केबिन में पहुंचे। उन्होंने अपने साथ लाए कटर और अन्य औजारों की मदद से मशीन की कैश ट्रे को तोड़ दिया। इसके बाद, उन्होंने मशीन में रखे लगभग 17.98 लाख रुपये निकालकर मौके से फरार हो गए।
बरामद की गई राशि और मोबाइल
बैंक प्रबंधन की शिकायत के बाद पुलिस ने जांच शुरू की। डंप डाटा, सीसीटीवी और अन्य तकनीकी साधनों के माध्यम से आरोपियों तक पहुंच बनाई गई। गिरफ्तारी के बाद, उनके पास से 13.75 लाख रुपये नकद और चोरी के पैसे से खरीदे गए दो नए मोबाइल फोन बरामद हुए। पुलिस अब यह पता लगा रही है कि बाकी राशि का क्या हुआ और क्या इस वारदात में कोई और व्यक्ति शामिल था।
