शी जिनपिंग का ब्रिक्स 2026 समिट में वैश्विक सहयोग का आह्वान
ब्रिक्स 2026 समिट के दौरान, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने 'ग्लोबल साउथ' के साथ मजबूत संबंध बनाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने पांच प्रमुख पहलों का प्रस्ताव रखा, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल अर्थव्यवस्था शामिल हैं। इसके अलावा, उन्होंने अंतरराष्ट्रीय नियमों की आवश्यकता और सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एकीकृत बाजार के निर्माण की बात की। जानें शी जिनपिंग के इस महत्वपूर्ण संदेश के बारे में और क्या हैं उनकी प्रमुख पहलें।
| Sep 13, 2026, 17:25 IST
ब्रिक्स समिट में शी जिनपिंग का संदेश
ब्रिक्स 2026 समिट के दूसरे दिन, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने 'ग्लोबल साउथ' के साथ मजबूत संबंध स्थापित करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने पांच प्रमुख पहलों का प्रस्ताव रखा और ब्रिक्स देशों से उभरते बाजारों के साथ सहयोग बढ़ाने, पारदर्शी और आपसी लाभकारी सहयोग को बनाए रखने, और स्थिर औद्योगिक एवं सप्लाई चेन की सुरक्षा का आग्रह किया। इसके साथ ही, उन्होंने आर्थिक सहयोग और विकास को बढ़ावा देने के लिए एक व्यापक और एकीकृत बाजार के निर्माण की दिशा में प्रयास करने की बात कही।
अंतरराष्ट्रीय नियमों की आवश्यकता
शी जिनपिंग ने समिट में नियमों पर आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि वैश्विक नियम सभी देशों की सहमति से निर्धारित होने चाहिए। उन्होंने 'जिसकी लाठी उसकी भैंस' की सोच को त्यागने का सुझाव दिया और 'ग्लोबल साउथ' के देशों से अंतरराष्ट्रीय कानून, संप्रभु समानता, आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप न करने और विवादों को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने के सिद्धांतों को एक साथ बनाए रखने का आग्रह किया। इसके साथ ही, उन्होंने यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया कि नियमों को बिना किसी भेदभाव के समान रूप से लागू किया जाए।
ब्रिक्स देशों के लिए प्रस्तावित पहलें
ब्रिक्स देशों के लिए शी ने कौन सी 5 पहलें प्रस्तावित कीं?
शी जिनपिंग ने ब्रिक्स देशों के बीच सहयोग को और मजबूत करने के लिए पांच पहलों की घोषणा की। इनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, व्यापार, डिजिटल अर्थव्यवस्था, मैन्युफैक्चरिंग और प्रतिभा विकास पर ध्यान केंद्रित किया गया है। ओपन-सोर्स और समावेशी AI पहल के तहत, चीन ने BRICS AI ओपन-सोर्स कम्युनिटी बनाने, बड़े भाषा मॉडल पर सहयोग को बढ़ावा देने और एक ओपन AI इकोसिस्टम विकसित करने का प्रस्ताव रखा।
