पाकिस्तान में तख्तापलट की आशंका: शहबाज शरीफ सरकार पर संकट
पाकिस्तान में राजनीतिक उथल-पुथल
नई दिल्ली। पाकिस्तान में शहबाज शरीफ की सरकार के खिलाफ तख्तापलट की संभावनाएं बढ़ रही हैं। इस बीच, इस्लामाबाद को कंटेनरों से बंद करने की खबरें सामने आई हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस तख्तापलट की योजना रावलपिंडी में सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर द्वारा तैयार की गई है। प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ की स्थिति कमजोर हो रही है, जिसका मुख्य कारण उनके गृह मंत्री मोहसिन नक़वी का बगावत करना है।
नवाज शरीफ का बयान और पार्टी की स्थिति
नवाज शरीफ का मानना है कि पाकिस्तान में चल रही घटनाओं के पीछे कोई और शक्ति काम कर रही है। जियो टीवी के अनुसार, मंगलवार (4 अगस्त) को नवाज शरीफ ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ बैठक की, जिसमें उन्होंने मोहसिन नकवी के बयानों पर प्रतिक्रिया न देने की सलाह दी।
गृह मंत्री का बड़ा खुलासा
गृह मंत्री मोहसिन नक़वी ने पाकिस्तान की शासन व्यवस्था के ध्वस्त होने का बयान देते हुए एक और बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने पाकिस्तान के इतिहास के सबसे बड़े घोटाले का पता लगाने का दावा किया है, जिसमें जजों से लेकर राजनेताओं तक कई महत्वपूर्ण लोग शामिल हैं। हालांकि, उन्होंने किसी के नाम का खुलासा नहीं किया, लेकिन उनके बयानों ने सत्ता परिवर्तन की अटकलों को तेज कर दिया है।
नक़वी का घोटाले पर हमला
नक़वी ने कहा कि इस घोटाले के लिए जिम्मेदार हर व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि पाकिस्तान के इतिहास में ऐसा बड़ा घोटाला कभी नहीं हुआ, जिसमें जज, नौकरशाह, राजनेता और बैंकर सभी शामिल हों। नक़वी ने यह भी कहा कि पाकिस्तान का गवर्नेंस सिस्टम पूरी तरह से ध्वस्त हो चुका है, जो शहबाज सरकार के लिए एक बड़ा झटका है।
नक़वी की महत्वाकांक्षा
विश्लेषकों का मानना है कि नक़वी केवल एक मंत्री नहीं हैं, बल्कि असीम मुनीर के लिए भविष्य में महत्वपूर्ण राजनीतिक भूमिका निभाने के लिए तैयार किए जा रहे हैं। अटकलें हैं कि उन्हें मुनीर के लिए वैसी ही जमीन तैयार करने का काम सौंपा गया है, जैसी कभी परवेज मुशर्रफ के समय में हुई थी। इस राजनीतिक हलचल ने नवाज़ शरीफ की नींद उड़ा दी है।
शहबाज़ के खेमे में हाहाकार
इस आंतरिक संघर्ष पर शहबाज़ सरकार के वफादार रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने तीखा पलटवार किया है। उन्होंने नक़वी को 'पावरहाउस' बताते हुए कहा कि वह खुद को प्रधानमंत्री के प्रति जवाबदेह नहीं समझते और कैबिनेट बैठकों से अनुपस्थित रहते हैं। आसिफ ने यह भी कहा कि अगर इतना शक्तिशाली व्यक्ति भी शिकायत कर रहा है, तो बाकी कैबिनेट सदस्यों को घर लौट जाना चाहिए।
क्या पाकिस्तान में तानाशाही का दौर लौट रहा है?
पाकिस्तानी सेना प्रमुख असीम मुनीर इस समय विदेश नीति से लेकर अर्थव्यवस्था तक पर अनियंत्रित शक्ति का आनंद ले रहे हैं। जानकार बताते हैं कि नक़वी के माध्यम से मुनीर ने शहबाज़ शरीफ को स्पष्ट संदेश दिया है कि असली बॉस कौन है। मीडिया रिपोर्ट में भू-राजनीतिक और रक्षा विश्लेषक संदीप उन्नीथन के हवाले से कहा गया है कि नक़वी, जो पहले मीडिया बैरन थे, अब पाकिस्तान के सबसे शक्तिशाली राजनेताओं में से एक बन चुके हैं।
