Newzfatafatlogo

प्रधानमंत्री मोदी ने ब्रिक्स सम्मेलन में तिरुवल्लुर की किताब भेंट की

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में ब्रिक्स सम्मेलन में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को तमिल कवि तिरुवल्लुर की किताब तिरूवक्कुल भेंट की। इस अवसर पर, मोदी ने विश्व नेताओं का स्वागत करते हुए तमिलनाडु के रामनाथस्वामी मंदिर की पृष्ठभूमि का उपयोग किया। यह घटना दक्षिण भारत की राजनीति से जुड़ी हुई है, खासकर भाजपा के परिसीमन के मुद्दे पर समर्थन जुटाने के प्रयासों के संदर्भ में। जानें इस घटना के पीछे की राजनीतिक रणनीतियों और मोदी के तमिल गौरव के प्रदर्शन के बारे में।
 | 

ब्रिक्स सम्मेलन में खास पल


ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को तमिल कवि तिरुवल्लुर की प्रसिद्ध किताब तिरूवक्कुल की एक प्रति भेंट की। इसके बाद, मोदी ने विश्व के नेताओं का स्वागत करते समय तमिलनाडु के रामनाथस्वामी मंदिर की पृष्ठभूमि का उपयोग किया। यह ध्यान देने योग्य है कि हर अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम में भारत के किसी न किसी हिस्से का दृश्य प्रस्तुत किया जाता है, लेकिन इस बार इसे विशेष रूप से दक्षिण भारत और तमिलनाडु की राजनीति से जोड़ा जा रहा है।


इस घटना को भाजपा के परिसीमन के मुद्दे पर समर्थन जुटाने के प्रयासों से भी जोड़ा जा रहा है। केंद्र सरकार को महिला आरक्षण बिल को पारित कराने के लिए संसद में दो तिहाई बहुमत की आवश्यकता है, और यह तब तक संभव नहीं होगा जब तक डीएमके का समर्थन नहीं मिलता। समाजवादी पार्टी का समर्थन भाजपा को नहीं मिल पाएगा, क्योंकि वहां चुनाव नजदीक हैं और सपा भाजपा के साथ नहीं दिखना चाहती। इसलिए, डीएमके पर निर्भरता बढ़ गई है। माना जा रहा है कि तमिल गौरव का प्रदर्शन भाजपा की इस आवश्यकता से संबंधित है। प्रधानमंत्री अक्सर संगम साहित्य और तमिल भाषा की महत्ता को भी उजागर करते रहते हैं।