Newzfatafatlogo

ब्रिटिश संसद में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स का खुलासा: दुष्कर्म की चौंकाने वाली रिपोर्ट

ब्रिटिश संसद में एक नई रिपोर्ट ने पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स द्वारा ढाई लाख ब्रिटिश बच्चियों के साथ दुष्कर्म का चौंकाने वाला खुलासा किया है। यह पहली बार है जब इन अपराधियों का धर्म और राष्ट्रीयता को सार्वजनिक रूप से बताया गया है। रिपोर्ट में हजारों बच्चियों के बयान शामिल हैं, जो इन गैंग्स के काले कारनामों को उजागर करते हैं। जानें इस रिपोर्ट में और क्या जानकारी दी गई है और ब्रिटिश पुलिस की मिलीभगत का क्या सच है।
 | 
ब्रिटिश संसद में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स का खुलासा: दुष्कर्म की चौंकाने वाली रिपोर्ट

ब्रिटिश संसद में पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स का खुलासा

ब्रिटेन की संसद में पहली बार पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स द्वारा ढाई लाख ब्रिटिश बच्चियों के साथ दुष्कर्म करने का खुलासा हुआ है। यह घटना ब्रिटेन के इतिहास में एक महत्वपूर्ण मोड़ है। ब्रिटिश पार्लियामेंट में इस विषय पर चर्चा ने कई देशों में हलचल मचा दी है। रिपोर्ट में बताया गया है कि पिछले 40 वर्षों से पाकिस्तान के मुस्लिम समुदाय के लोग ब्रिटेन की गैर-मुस्लिम लड़कियों, विशेषकर ब्रिटिश बच्चियों के खिलाफ दुष्कर्म कर रहे हैं। इन अपराधियों ने हिंदू और सिख लड़कियों को भी निशाना बनाया है। इन पाकिस्तानी गैंग्स ने बच्चियों का शिकार करने के लिए संगठित तरीके से काम किया है।


दुष्कर्म और जबरन धर्म परिवर्तन

इन गैंग्स ने न केवल दुष्कर्म किया, बल्कि कई बच्चियों का अबॉर्शन भी करवाया, उन्हें बेचा और जबरन धर्म परिवर्तन भी कराया। इस जांच रिपोर्ट में हजारों बच्चियों के बयान शामिल हैं, जिनमें पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स के काले कारनामों का खुलासा किया गया है। यह रिपोर्ट सांसद रूप लॉस द्वारा तैयार की गई है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि पहली बार आधिकारिक रूप से कहा गया है कि दुष्कर्म करने वाले पाकिस्तानी मुस्लिम थे। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि ब्रिटेन के 149 इलाकों में, जहां मुस्लिम आबादी 50% तक पहुंच गई है, वहां पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग्स की गतिविधियाँ सबसे अधिक थीं।


असली आंकड़े और पुलिस की मिलीभगत

जांच रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तानी मुस्लिमों द्वारा शिकार की गई लड़कियों की संख्या ढाई लाख से अधिक हो सकती है। ब्रिटिश पुलिस की मिलीभगत और राजनीतिक कारणों से सही आंकड़े सामने नहीं आ पाए हैं, और न ही इन अपराधियों को सजा दी गई है। सांसद रूप लॉस की जांच में दर्ज किए गए एक बयान के अनुसार, एक 13 वर्षीय बच्ची के साथ तीन सालों में 700 लोगों ने दुष्कर्म किया। एक पीड़िता ने बताया कि ईद और छुट्टियों के दौरान पाकिस्तानी अपराधियों की गतिविधियाँ और भी बढ़ जाती थीं, जिससे हालात और भी खराब हो जाते थे।