मेघालय में भाजपा में शामिल हुए आठ विधायक, राजनीतिक समीकरण में आया बदलाव
भाजपा में शामिल होने वाले विधायक
नई दिल्ली: मेघालय की राजनीतिक स्थिति में बुधवार को एक महत्वपूर्ण परिवर्तन हुआ। यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पार्टी (UDP) के आठ विधायक भाजपा मुख्यालय पहुंचे और केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू की उपस्थिति में भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। इस बदलाव के साथ, विधानसभा में भाजपा के विधायकों की संख्या 2 से बढ़कर 10 हो गई है।
UDP पर इस पार्टी परिवर्तन का सीधा प्रभाव पड़ा है, जिसके बाद अब उसके पास केवल चार विधायक रह गए हैं। भाजपा अब नेशनल पीपुल्स पार्टी (NPP) के बाद विधानसभा में दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बन गई है।
भाजपा से बातचीत के मुद्दे
इन विधायकों के भाजपा में शामिल होने की चर्चा कुछ समय से चल रही थी। इससे पहले, सभी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी। इस बातचीत में कोयला खनन से जुड़े नियमों में बदलाव, खासी भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने और मेघालय रेजिडेंट्स सेफ्टी एंड सिक्योरिटी एक्ट (MRSSA) को लागू करने जैसे मुद्दे उठाए गए थे।
इसके अलावा, शिलॉन्ग के थेम इव मावलोंग स्थित हरिजन कॉलोनी के पुनर्वास का मुद्दा भी चर्चा में था। इसके बाद, विधायकों ने औपचारिक रूप से भाजपा का दामन थाम लिया।
गठबंधन में बदलाव
मेघालय में मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा के नेतृत्व में NPP की सरकार है। सत्तारूढ़ मेघालय डेमोक्रेटिक अलायंस (MDA) में NPP के साथ भाजपा और UDP भी सहयोगी रहे हैं। अब UDP के आठ विधायकों के भाजपा में शामिल होने से इस गठबंधन के भीतर दोनों दलों की विधानसभा ताकत का समीकरण बदल गया है।
भाजपा में शामिल होने वाले विधायकों में लहकमन रिंबुई, पियुस मारवीन, किर्मेन शायला, मायरेलबोर्न सिएम, मैथ्यू कुरबाह, ओलान सिंह सुइन, बालाजीड कुफार सिनरेम और सिनशार लिंगदोह थाबाह शामिल हैं। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इन विधायकों का स्वागत किया और उनके भाजपा में शामिल होने को पूर्वोत्तर की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटना बताया।
