यूपी विधानमंडल का मॉनसून सत्र 3 अगस्त से शुरू होगा
मॉनसून सत्र की शुरुआत
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानमंडल का मॉनसून सत्र 3 अगस्त से आरंभ होगा और यह 6 अगस्त तक चलेगा। इस सत्र की आधिकारिक घोषणा यूपी कैबिनेट की बैठक में की गई। इस बार का सत्र न केवल विधायी कार्यों के लिए महत्वपूर्ण होगा, बल्कि राजनीतिक दृष्टि से भी काफी सक्रिय रहने की संभावना है। राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के हालिया मामलों को लेकर सदन में पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस देखने को मिल सकती है।
विपक्ष का आक्रामक रुख
राम मंदिर मुद्दे पर समाजवादी पार्टी सरकार को घेरने के लिए पूरी तैयारी कर रही है। दूसरी ओर, भाजपा सरकार एसआईटी के गठन से लेकर अब तक उठाए गए कदमों का विवरण सदन में प्रस्तुत करेगी। इस प्रकार, यूपी विधानमंडल का यह मॉनसून सत्र हंगामेदार होने की पूरी संभावना है।
चढ़ावे की चोरी पर राजनीतिक हलचल
राम मंदिर चढ़ावे की चोरी के मुद्दे ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। अखिलेश यादव सहित कई विपक्षी दल इस मुद्दे पर भाजपा को कठोर आलोचना कर चुके हैं। एसआईटी जांच के दौरान अयोध्या पुलिस ने आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनसे पूछताछ में चढ़ावे चोरी के कई राज उजागर हुए हैं।
सत्र की तैयारी
योगी सरकार की कैबिनेट बैठक में 3 अगस्त से विधानमंडल के दोनों सदनों का तृतीय सत्र बुलाने का प्रस्ताव पारित किया गया। इस सत्र में वित्तीय वर्ष 2026-27 का अनुपूरक बजट, अध्यादेशों के प्रतिस्थानी विधेयक और अन्य महत्वपूर्ण विधायी कार्य किए जाएंगे।
सत्र की प्रक्रिया
राज्य विधानमंडल का द्वितीय सत्र 30 अप्रैल को बुलाया गया था, जिसके बाद कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई थी। संविधान के अनुच्छेद-174 के अनुसार, विधानमंडल के दो सत्रों के बीच छह माह से अधिक का अंतर नहीं हो सकता। इसी के तहत आगामी सत्र बुलाने का निर्णय लिया गया है।
मीडिया से बातचीत
लोक भवन के मीडिया सेंटर में वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि आगामी सत्र में वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुपूरक अनुदानों की मांगें विधानमंडल के समक्ष प्रस्तुत की जाएंगी। इसके अलावा, पिछले सत्रावसान के बाद शासन के महत्वपूर्ण निर्णयों के क्रियान्वयन के लिए अध्यादेशों के प्रतिस्थानी विधेयक भी सदन में पेश किए जाएंगे।
