दिल्ली विश्वविद्यालय चुनाव से पहले नॉर्थ कैंपस में हिंसा का मामला
नॉर्थ कैंपस में तनाव का माहौल
नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव 2026 के मतदान से पहले नॉर्थ कैंपस में तनाव उत्पन्न हो गया है। आर्ट्स फैकल्टी के गेट नंबर-4 के पास प्रचार के दौरान दो विरोधी छात्र गुटों के बीच झगड़ा हो गया। विवाद तेजी से बढ़ा और दोनों पक्षों के बीच मारपीट शुरू हो गई, जिसमें लात-घूंसे और डंडे चलने लगे। भगदड़ की स्थिति उत्पन्न होने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। घायल छात्र को उपचार के लिए हिंदू राव अस्पताल भेजा गया।
घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर चिंता
जब नॉर्थ कैंपस में चुनाव प्रचार चल रहा था, तभी आर्ट्स फैकल्टी के गेट नंबर-4 के पास दो छात्र गुटों के बीच बहस शुरू हुई। कुछ ही समय में स्थिति बिगड़ गई और दोनों पक्षों के बीच हाथापाई होने लगी। वहां मौजूद छात्रों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद पुलिस ने इलाके में स्थिति को संभाला और संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ा दी।
एक छात्र को गंभीर चोटें आईं
इस झड़प के दौरान एक छात्र को गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे तुरंत हिंदू राव अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस घटना के बाद कैंपस में सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि विवाद की शुरुआत कैसे हुई और इसमें कौन लोग शामिल थे।
डीसीपी निहारिका भट्ट का दौरा
घटना की जानकारी मिलने के बाद उत्तरी जिले की डीसीपी निहारिका भट्ट भारी पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचीं। उन्होंने स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने के बाद इलाके में निगरानी को तेज कर दिया गया है। संवेदनशील कॉलेजों और आसपास के क्षेत्रों में गश्त भी बढ़ाई गई है।
CCTV फुटेज से पहचान की प्रक्रिया
पुलिस आर्ट्स फैकल्टी और उसके आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच कर रही है। इसका उद्देश्य झड़प में शामिल छात्रों की पहचान करना है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, फुटेज और अन्य उपलब्ध जानकारी के आधार पर घटनाक्रम की जांच की जा रही है। चुनाव से पहले किसी भी प्रकार की हिंसा को रोकने के लिए संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सुरक्षा तैनात की गई है।
चुनाव से पहले सुरक्षा पर बढ़ी चिंता
डीयू के कुलपति प्रो. योगेश सिंह ने पहले ही दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर शांतिपूर्ण चुनाव कराने पर जोर दिया था। विश्वविद्यालय परिसरों में अगले तीन-चार दिनों तक सुरक्षा कड़ी रखने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद, मतदान से लगभग 24 घंटे पहले आर्ट्स फैकल्टी जैसे महत्वपूर्ण स्थान पर हुई हिंसक झड़प ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। मतदान 18 सितंबर को होना है।
