Newzfatafatlogo

तरनतारन में अवैध नशा मुक्ति केंद्र का भंडाफोड़, सात लोग सुरक्षित निकाले गए

पंजाब के तरनतारन जिले में पुलिस और स्वास्थ्य विभाग ने एक अवैध नशा मुक्ति केंद्र का भंडाफोड़ किया है। इस केंद्र का संचालन बिना किसी वैध अनुमति के किया जा रहा था। छापेमारी के दौरान सात लोगों को सुरक्षित निकाला गया और उन्हें सरकारी नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया गया। पुलिस ने दो आरोपितों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिसमें से एक को गिरफ्तार कर लिया गया है। जानें इस मामले की पूरी जानकारी और आगे की कार्रवाई के बारे में।
 | 

तरनतारन में नशा मुक्ति केंद्र का खुलासा


पंजाब के तरनतारन जिले में पुलिस और स्वास्थ्य विभाग ने मिलकर एक संदिग्ध नशा मुक्ति केंद्र का पर्दाफाश किया है। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि यह केंद्र बिना किसी वैध अनुमति के चलाया जा रहा था। अधिकारियों के अनुसार, यहां लोगों को नशा छोड़ने के नाम पर रखा जाता था, लेकिन उपचार की प्रक्रिया नियमों के खिलाफ थी।


गुप्त सूचना पर छापेमारी

तरनतारन के प्रभारी निरीक्षक परमजीत सिंह विरदी ने बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि शहर में एक अवैध नशा मुक्ति केंद्र संचालित हो रहा है। इस सूचना के आधार पर स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ मिलकर छापेमारी की गई, जिसमें कई गंभीर अनियमितताएं उजागर हुईं।


स्वयं को डॉक्टर बताकर इलाज का दावा

पुलिस की जांच में पता चला है कि अमृतसर के सरबजीत सिंह और राणा प्रताप सिंह इस केंद्र का संचालन कर रहे थे। उन पर आरोप है कि वे खुद को डॉक्टर बताकर नशा पीड़ितों और उनके परिवारों का विश्वास जीतते थे। इसके बाद मरीजों को केंद्र में भर्ती कर गैरकानूनी तरीके से उनका इलाज किया जाता था। जांच में यह भी सामने आया कि केंद्र में मौजूद लोगों को उनकी इच्छा के खिलाफ रखा जाता था। पुलिस ने कहा है कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि ये अवैध गतिविधियां कब से चल रही थीं और कितने लोग प्रभावित हुए।


सात लोगों को सुरक्षित निकाला गया

छापेमारी के दौरान पुलिस ने केंद्र में मौजूद सात लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। अधिकारियों ने तुरंत सभी को गांव ठरू के सरकारी नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती कराया, जहां उनका चिकित्सकीय परीक्षण और उपचार शुरू किया गया है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इन सभी की स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर उन्हें चिकित्सकीय और मनोवैज्ञानिक सहायता भी दी जाएगी।


एक आरोपित गिरफ्तार, दूसरे की तलाश जारी

पुलिस ने इस मामले में दोनों आरोपितों के खिलाफ धोखाधड़ी, गैरकानूनी तरीके से लोगों को बंधक बनाने और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। कार्रवाई के दौरान राणा प्रताप सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि दूसरे आरोपित सरबजीत सिंह की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपित को जल्द पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।