एनआईए ने आतंकवादी साजिश का पर्दाफाश: पश्चिम बंगाल में एक और गिरफ्तारी
आतंकवादी साजिश पर एनआईए की कार्रवाई
नई दिल्ली: देश की सुरक्षा को खतरे में डालने वाली कथित आतंकवादी साजिश के खिलाफ राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने एक बार फिर से सख्त कदम उठाया है। प्रतिबंधित आतंकवादी संगठन जमात-उल-मुजाहिदीन बांग्लादेश (जेएमबी) के सहयोगी इमाम महमूदेर काफिला (आईएमके) से जुड़े मामले में, एनआईए ने 10 अक्टूबर को पश्चिम बंगाल से एक संदिग्ध को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के समय उसके पास से मोबाइल फोन और मेमोरी कार्ड सहित कई डिजिटल उपकरण बरामद किए गए।
16 स्थानों पर छापेमारी के बाद 13 गिरफ्तारियां
इस मामले में 29 सितंबर को असम, पश्चिम बंगाल और केरल में 16 स्थानों पर छापेमारी के दौरान 13 संदिग्धों को पकड़ा गया था। इससे पहले, 25 जून 2026 को एनआईए ने गुवाहाटी की विशेष अदालत में 11 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी।
कट्टरपंथी विचारधारा फैलाने की साजिश
जांच एजेंसी के अनुसार, इस साजिश का उद्देश्य पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर राज्यों में प्रतिबंधित संगठन की कट्टरपंथी विचारधारा का प्रसार करना और उसका नेटवर्क मजबूत करना था। जांच में यह भी सामने आया है कि युवाओं को कट्टरपंथ की ओर आकर्षित करने और भारत विरोधी प्रचार फैलाने के प्रयास किए जा रहे थे।
डिजिटल प्लेटफार्मों का दुरुपयोग
एनआईए के मुताबिक, आरोपियों ने गुप्त बैठकों, धार्मिक विचारधारा के प्रचार, कट्टरपंथी साहित्य के वितरण और टेलीग्राम जैसे डिजिटल प्लेटफार्मों के दुरुपयोग के माध्यम से संगठन का प्रभाव बढ़ाने की कोशिश की। अब एजेंसी इस नेटवर्क की हर कड़ी की जांच कर रही है। मामले की आगे की जांच जारी है।
