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गाजियाबाद के पैरा एथलीट प्रदीप कुमार ने एशियाई पैरा खेलों में जीता रजत पदक

गाजियाबाद के पैरा एथलीट प्रदीप कुमार ने जापान में आयोजित पांचवें एशियाई पैरा खेलों में भाला फेंक एफ-54 स्पर्धा में रजत पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया। उनकी यह उपलब्धि वर्षों की मेहनत और अनुशासन का परिणाम है। प्रतियोगिता से पहले उन्हें उत्तर प्रदेश पैरा स्पोर्ट्स एसोसिएशन द्वारा सम्मानित किया गया था। इस सफलता ने न केवल गाजियाबाद बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश में खुशी की लहर दौड़ाई है।
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प्रदीप कुमार की ऐतिहासिक उपलब्धि


गाजियाबाद: जब जज्बा मजबूत हो, हौसले ऊँचे हों और लक्ष्य पाने की चाह हो, तो कोई भी बाधा सफलता के मार्ग में नहीं आ सकती। इसी सोच को साकार करते हुए गाजियाबाद के पैरा एथलीट प्रदीप कुमार ने जापान के आइची-नागोया में आयोजित पांचवें एशियाई पैरा खेल 2026 में शानदार प्रदर्शन किया और भारत के लिए रजत पदक जीता। पुरुषों की भाला फेंक एफ-54 स्पर्धा में प्रदीप ने 27.45 मीटर की दूरी तक भाला फेंककर दूसरा स्थान प्राप्त किया। उनकी इस उपलब्धि ने गाजियाबाद, उत्तर प्रदेश और पूरे देश में खुशी की लहर दौड़ा दी।


प्रदीप कुमार की यह सफलता उनकी वर्षों की मेहनत, अनुशासन और अटूट इच्छाशक्ति का परिणाम है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर उन्होंने न केवल देश का मान बढ़ाया, बल्कि दिव्यांग खिलाड़ियों के लिए एक नई प्रेरणा का स्रोत भी बने हैं।


प्रतियोगिता से पहले का समर्थन

प्रतियोगिता से पहले बढ़ाया गया था हौसला


प्रदीप कुमार की इस सफलता में खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के प्रयासों का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। प्रतियोगिता से पहले, उत्तर प्रदेश पैरा स्पोर्ट्स एसोसिएशन ने नई दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में उन्हें भाला भेंट कर सम्मानित किया था। इस अवसर पर पदाधिकारियों ने उनके उज्ज्वल प्रदर्शन की कामना की और हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में एसोसिएशन के अध्यक्ष जेपी सिंह, उपाध्यक्ष आशीष खंडेलवाल और अरुण स्वामी भी उपस्थित थे।


अरुण स्वामी की बधाई

अरुण स्वामी ने दी बधाई


उत्तर प्रदेश पैरा स्पोर्ट्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष अरुण स्वामी ने प्रदीप कुमार को बधाई देते हुए कहा कि खिलाड़ियों की सफलता समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत होती है। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन का उद्देश्य खिलाड़ियों को प्रोत्साहन और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराकर उन्हें आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करना है। प्रदीप कुमार का रजत पदक जीतना सभी के लिए गर्व का विषय है। हौसलों की उड़ान और मेहनत की पहचान प्रदीप कुमार ने रजत पदक से हिंदुस्तान का मान बढ़ाया है!