गुरुद्वारा नथवान में 30 दिवसीय नाम सिमरन समागम का आगाज़, भाई गुरजीत सिंह का विशेष योगदान
समागम का शुभारंभ
रतिया: उपमंडल के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल गुरुद्वारा श्री गुरु ग्रंथ साहिब अंगीठा साहिब, गांव नथवान में 30 दिवसीय नाम सिमरन समागम एवं विशेष डाइट कैंप का आयोजन श्रद्धा के साथ किया गया। इस पावन समागम में मुख्य सेवादार भाई गुरजीत सिंह जी, जो ऑस्ट्रेलिया से आए हैं, ने भाग लिया। पहले दिन बड़ी संख्या में संगत ने नाम सिमरन का अभ्यास किया।
भाई गुरजीत सिंह का संदेश
सेवा और सिमरन ही जीवन का आधार - भाई गुरजीत सिंह
भाई गुरजीत सिंह जी ने संगत को संबोधित करते हुए कहा कि मानव जीवन का असली उद्देश्य परमात्मा के नाम का सिमरन और सेवा करना है। उन्होंने सभी को रोजाना नाम का जाप करने और अच्छे कर्म करने की प्रेरणा दी। सेवा और सिमरन से मन को शांति मिलती है। उन्होंने सिमरन के महत्व, विधि, लाभ और इसके लिए उचित समय के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा साहिब में समय-समय पर ऐसे समागम आयोजित किए जाते हैं ताकि संगत को आध्यात्मिक मार्ग पर आगे बढ़ाया जा सके।
समागम की अवधि
28 नवंबर तक चलेगा समागम
सेवादारों ने बताया कि यह 30 दिवसीय नाम सिमरन अभ्यास समागम 28 नवंबर तक जारी रहेगा। इस समागम में हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, महाराष्ट्र, हैदराबाद सहित कई राज्यों और विदेशों से संगत आ रही है।
तन और मन की शुद्धि
तन और मन दोनों की शुद्धि का संगम
इस समागम की एक विशेषता यह है कि यहां तन और मन दोनों की शुद्धि के लिए व्यवस्था की गई है। जहां मन की शुद्धि के लिए नाम सिमरन का आयोजन हो रहा है, वहीं गंभीर रोगों से छुटकारा पाने के लिए प्राकृतिक डाइट प्लान कैंप भी चलाया जा रहा है। इसमें विशेषज्ञों द्वारा संगत को स्वस्थ रहने के उपाय बताए जा रहे हैं।
समागम को लेकर क्षेत्र में भारी उत्साह है और बड़ी संख्या में संगत रोजाना लाभ उठा रही है। इस अवसर पर गुरुद्वारा साहिब में गुरु का अटूट लंगर भी चलाया गया।
