दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव: एबीवीपी ने जीते तीन प्रमुख पद, उपाध्यक्ष बने निर्दलीय उम्मीदवार
दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव के नतीजे
नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रसंघ चुनावों के परिणामों ने एक बार फिर से कैंपस की राजनीति में हलचल मचा दी है। 20 राउंड की मतगणना के बाद, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) ने केंद्रीय पैनल के चार में से तीन पदों पर विजय प्राप्त की। यश डबास को अध्यक्ष, रिया छावड़ी को सचिव और लक्ष्य राज सिंह को संयुक्त सचिव चुना गया। उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय उम्मीदवार दीपांशु शौकीन ने जीत हासिल की।
अध्यक्ष पद की प्रतिस्पर्धा
अध्यक्ष पद के लिए मुकाबला काफी रोचक रहा। एबीवीपी के यश डबास को 24,576 वोट मिले, जबकि एनएसयूआई के विजय शंकर मीणा को 22,523 वोट मिले। इस प्रकार, डबास ने 2,053 मतों के अंतर से जीत हासिल की। सचिव पद पर रिया छावड़ी को 21,650 और संयुक्त सचिव पद पर लक्ष्य राज सिंह को 16,615 वोट मिले।
एबीवीपी का उत्साह
जैसे ही परिणाम घोषित हुए, एबीवीपी के समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई। संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. वीरेन्द्र सिंह सोलंकी ने इसे विद्यार्थियों के विश्वास और संगठन की प्रतिबद्धता का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि चुनाव में कार्यकर्ताओं ने लोकतांत्रिक तरीके से अपनी भूमिका निभाई।
दिल्ली के एबीवीपी प्रदेश मंत्री सार्थक शर्मा ने कहा कि छात्र राजनीति में सफलता केवल राजनीतिक प्रभाव से नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के बीच निरंतर काम करने से मिलती है।
नवनिर्वाचित अधिकारियों की प्रतिक्रियाएँ
नवनिर्वाचित अध्यक्ष यश डबास ने कहा कि यह परिणाम विद्यार्थियों के विश्वास और छात्रहित की जिम्मेदारी को दर्शाता है। उन्होंने छात्रसंघ को जाति और विभाजन से ऊपर उठकर छात्रहित और राष्ट्रहित के मुद्दों पर काम करने का संकल्प लिया।
सचिव रिया छावड़ी ने छात्राओं की सुरक्षा, बेहतर सुविधाओं और समान अवसरों को प्राथमिकता बताया, जबकि संयुक्त सचिव लक्ष्य राज सिंह ने विद्यार्थियों की समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा उपलब्ध रहने का आश्वासन दिया।
उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय की जीत
दिलचस्प यह है कि उपाध्यक्ष पद पर निर्दलीय दीपांशु शौकीन ने जीत दर्ज की, उन्हें 30,615 वोट मिले। इस प्रकार, डूसू के केंद्रीय पैनल में एबीवीपी के पास तीन सीटें और एक सीट निर्दलीय उम्मीदवार के पास गई।
