दलीप ट्रॉफी 2026: देवदत्त पडिक्कल और ईशान किशन की शानदार पारियां
दलीप ट्रॉफी में देवदत्त पडिक्कल का प्रदर्शन
Duleep Trophy: देवदत्त पडिक्कल ने हाल ही में शानदार प्रदर्शन किया है। श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में दो शतकों के साथ प्लेयर ऑफ द सीरीज बनने के बाद, उन्होंने दलीप ट्रॉफी फाइनल में भी अपनी बल्लेबाजी का जलवा दिखाया। साउथ जोन की टीम के लिए खेलते हुए, उन्होंने अच्छी शुरुआत की, लेकिन बड़ी पारी बनाने में असफल रहे।
पडिक्कल का बड़ा स्कोर बनाने में असफल होना
दलीप ट्रॉफी 2026 का फाइनल मुकाबला चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में साउथ जोन और ईस्ट जोन के बीच खेला जा रहा है। तिलक वर्मा की कप्तानी में साउथ जोन के लिए, पडिक्कल ने तीसरे दिन अर्धशतक बनाया। वह क्रीज पर अच्छी लय में थे और उम्मीद थी कि वह इसे बड़े स्कोर में बदलेंगे। लेकिन 36वें ओवर में तेज गेंदबाज मुकेश कुमार की गेंद पर बड़ा शॉट खेलने के प्रयास में वह आउट हो गए, जब बाउंड्री के पास सब्स्टीट्यूट फील्डर डेनिश दास ने उनका कैच लिया।
श्रीलंका के खिलाफ शानदार फॉर्म जारी
पडिक्कल के लिए हाल का समय बहुत अच्छा रहा है। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ टेस्ट सीरीज में लगातार दो शतक लगाकर अपनी बल्लेबाजी का लोहा मनवाया और प्लेयर ऑफ द सीरीज का खिताब भी जीता। अब घरेलू टूर्नामेंट के फाइनल में अर्धशतक बनाकर उन्होंने अपनी फॉर्म को बनाए रखा है। साउथ जोन के लिए खेलते हुए, पडिक्कल ने यह साबित किया कि वह कठिन परिस्थितियों में भी रन बनाने की क्षमता रखते हैं। हालांकि वह शतक तक नहीं पहुंच सके, लेकिन उनकी पारी ने टीम के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया।
ईशान किशन का धमाकेदार प्रदर्शन
ईशान किशन ने भी दलीप ट्रॉफी फाइनल में शानदार बल्लेबाजी की। ईस्ट जोन ने पहली पारी में 708 रन का विशाल स्कोर बनाया, जिसमें कप्तान ईशान की 270 रन की पारी सबसे बड़ी रही। नंबर 5 पर बल्लेबाजी करते हुए, ईशान ने दलीप ट्रॉफी के इतिहास में 250 से अधिक रन बनाने वाले पहले भारतीय विकेटकीपर-बल्लेबाज बनने का रिकॉर्ड बनाया। इसके अलावा, वह अरुण लाल और सबा करीम के बाद ईस्ट जोन के तीसरे बल्लेबाज बने, जिन्होंने इस टूर्नामेंट में दोहरा शतक लगाया।
