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राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारतीय मुक्केबाजों की शानदार शुरुआत

राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारतीय मुक्केबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया है। जदुमणि सिंह ने पाकिस्तान के मुक्केबाज को हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई, जबकि प्रीति पवार ने भी अपने वर्ग में प्रभावशाली जीत दर्ज की। हालांकि, आदित्य यादव को हार का सामना करना पड़ा। जानें इस प्रतियोगिता में भारतीय खिलाड़ियों की उपलब्धियों के बारे में।
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भारतीय मुक्केबाजों की प्रभावशाली शुरुआत


राष्ट्रमंडल खेल 2026 की मुक्केबाजी प्रतियोगिता में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन जारी रखा है। ग्लासगो में आयोजित मुकाबलों में जदुमणि सिंह और प्रीति पवार ने अपने-अपने वर्गों में प्रभावशाली जीत हासिल कर अंतिम आठ में स्थान बना लिया है। दोनों मुक्केबाजों ने अपनी तकनीक और आक्रामकता का बेहतरीन प्रदर्शन किया। जदुमणि सिंह ने अपने प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान को हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई है।


जदुमणि सिंह की जीत

पुरुषों के 55 किलोग्राम वर्ग के राउंड ऑफ 16 में जदुमणि सिंह ने पाकिस्तान के सुमामा रहमान को 5-0 के सर्वसम्मत निर्णय से हराया। पहले राउंड में मुकाबला कड़ा रहा, लेकिन दूसरे राउंड में भारतीय मुक्केबाज ने पूरी तरह से मुकाबले पर नियंत्रण बना लिया। तेज फुटवर्क और सटीक मुक्कों के कारण उन्होंने लगातार दबाव बनाए रखा और शानदार जीत दर्ज की।


क्वार्टर फाइनल में नई चुनौती

जदुमणि सिंह ने पूरे मुकाबले में संयम बनाए रखा और अंतिम राउंड में भी अपनी बढ़त को नहीं गंवाया। उनकी इस जीत के साथ अब क्वार्टर फाइनल में जाम्बिया के म्वेंगो मवाले से मुकाबला तय हो गया है। भारतीय टीम को उनसे अगले दौर में भी मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद है।


प्रीति पवार का शानदार प्रदर्शन

महिलाओं के 54 किलोग्राम वर्ग में प्रीति पवार ने मलावी की डेबोरा मतेनजे के खिलाफ बेहतरीन खेल दिखाया। पहले राउंड में ही उन्होंने प्रतिद्वंद्वी पर दबाव बना दिया। दूसरे दौर में प्रभावी मुक्कों के बाद रेफरी ने मुकाबला रोक दिया और प्रीति को आरएससी के आधार पर विजेता घोषित किया। अब उनका सामना उत्तरी आयरलैंड की निकोल क्लाइड से होगा।


आदित्य यादव का सफर समाप्त

पुरुषों के 65 किलोग्राम वर्ग में आदित्य यादव को युगांडा के नूहू बाटे के खिलाफ करीबी मुकाबले में 3-2 से हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ वह टूर्नामेंट से बाहर होने वाले पहले भारतीय मुक्केबाज बन गए। मुकाबले में दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली, लेकिन निर्णय प्रतिद्वंद्वी के पक्ष में गया।